'उम्मीदवार भाग गया', PK को मिला चुनावी ब्रह्मास्त्र, बांकीपुर में BJP उम्मीदवार ने किसके डर से वापस लिया नाम?

Bankipur By Poll: बांकीपुर उपचुनाव से पहले बिहार की सियासत में नया उलटफेर देखने को मिला है। 30 जुलाई को वोटिंग होनी है और 10 जुलाई को भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रत्याशी अभिषेक बंटी पीछे हैट गए हैं। पारिवारिक कारणों का हवाला देते हुए अभिषेक ने चुनाव नहीं लड़ने का ऐलान कर दिया। आननफानन में बीजेपी ने नीरज कुमार सिन्हा को अपना उम्मीदवार बनाया। राजनीति के जानकारों का कहना है कि पारिवारिक कारण बस एक बहाना है अंदरखाने बात कुछ और ही है।

Advertisement

बीजेपी के ऐन वक्त पर प्रत्याशी बदलने से भाजपा को कोई नुकसान हो ना हो प्रशांत किशोर को फायदा जरूर हो गया है। प्रशांत किशोर भी बांकीपुर उपचुनाव के लिए मैदान में हैं, हालांकि अब तक उन्होंने नामांकन नहीं किया है। लेकिन बीजेपी के उम्मीदवार बदलने के बाद बांकीपुर उपचुनाव की लड़ाई एक दिलचस्प मोड़ पर पहुंच गई है। बीजेपी के इस फैसले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। प्रशांत किशोर भाजपा पर जमकर निशाना साध रहे हैं। उनका कहना है कि बीजेपी के प्रत्याशी अभिषेक ने डरकर अपना नाम वापस ले लिया है।

Advertisement

'पहले बीजेपी डराती थी, अब खुद डर रही'

अभिषेक बंटी के नाम वापस लेने के बाद शुक्रवार की शाम मीडिया से बात करते हुए पीके ने भाजपा पर निशाना साधा। प्रशांत किशोर ने कहा कि पूरे देश में दूसरी पार्टी के उम्मीदवारों को मैदान छोड़ने पर मजबूर करने वाली बीजेपी का अपना उम्मीदवार ही भाग गया। उन्होंने कहा कि पहले लोग बीजेपी के डर से चुनाव मैदान छोड़ते थे, लेकिन अब जनता के डर से बीजेपी का उम्मीदवार मैदान छोड़ गया।

Advertisement

ये भी पढ़ें: बांकीपुर उपचुनाव में लालू प्रसाद यादव ने भरा पर्चा, 25वीं बार चुनाव मैदान में, कुल संपत्ति कर देगी हैरान

पीके ने कहा कि बीजेपी उनसे नहीं, बल्कि बांकीपुर की जनता से डर गई है। उन्होंने कहा कि बीजेपी हमसे क्यों डरेगी। हम तो मुखिया भी नहीं हैं। इनके तो पीएम, गृह मंत्री हैं और 80 प्रतिशत भारत पर इनका (बीजेपी का) राज है। उन्होंने कहा कि बीजेपी बांकीपुर को अपना किला बताकर अहंकार में थी और कह रही थी कि किसी को भी उम्मीदवार बना देंगे तो जीत जाएंगे। पीके ने कहा कि ये अहंकार में कह रहे थे कि कुत्ता बिल्ली को खड़ा करेंगे, तो बांकीपुर की जनता हमीं को वोट देगी। अब बीजेपी का उम्मीदवार बदलना दिखाता है कि पार्टी जनता का मूड समझ गई है। बता दें, अभिषेक बंटी के परिवार का चारा घोटाला से कनेक्शन का मामला भी इन दिनों चर्चा में है।

Advertisement

RJD ने पीके को बताया उम्मीदवार बदलने का सूत्रधार

चुनाव परिणाम क्या होता है ये तो अब 3 अगस्त को पता चलेगा मगर इतना तो साफ है कि प्रशांत किशोर को बैठे बिठाए नया मुद्दा मिल गया है। उधर राष्ट्रीय जनता दल बीजेपी के उम्मीदवार बदलने में प्रशांत किशोर की भूमिका बता रही है। RJD के प्रवक्ता शक्ति सिंह ने दावा किया कि राजद की उम्मीदवार, रेखा कुमारी गुप्ता से डरकर भाजपा के प्रत्याशी पीछे हटे हैं। उन्होंने ये भी कहा कि बीजेपी ने अपने ही कार्यकर्ता की बलि चढ़ा दी है और ये उनकी हार का पहला पड़ाव है। शक्ति सिंह यादव ने दावा किया कि आरजेडी उम्मीदवार रेखा गुप्ता की बांकीपुर की जनता पर अच्छी पकड़ है। उनका कहना है कि क्षेत्र के वैश्य और पिछड़ा समाज के मतदाता रेखा गुप्ता के समर्थन में हैं।

Advertisement

बता दें, बांकीपुर की यह सीट बीजेपी नेता नितिन नवीन के राज्यसभा सांसद बनने के बाद खाली हुई है। इस सीट से नितिन नबीन लगातार 5वीं बार विधायक चुके गए थे। 3 दशक से बांकीपुर नितिन नबीन और उनके पिता नवीन किशोर सिन्हा की सीट रही है। बांकीपुर सीट पर 30 जुलाई को मतदान होगा और 3 अगस्त को मतगणना के बाद नतीजे घोषित किए जाएंगे। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 13 जुलाई है।

Advertisement

ये भी पढ़ें: Bankipur Bypoll: बांकीपुर से BJP प्रत्याशी का चुनाव लड़ने से इनकार, नीरज सिन्हा होंगे नए प्रत्याशी

More From OneIndia