Guru Pushya Nakshatra 2024: आज है खरीदी का महामुहूर्त, बन रहा है लक्ष्मीनारायण योग
Guru Pushya Nakshatra: दीपावली से पूर्व 24 अक्टूबर 2024 को गुरु-पुष्य का शुभ संयोग आया है। यह खरीदी का महामुहूर्त होता है। इस दिन खरीदी गई वस्तुओं का कभी क्षय नहीं होता बल्कि वे उत्तरोत्तर बढ़ती रहती है। खरीदी के इस महामुहूर्त में स्वर्णाभूषण, भूमि, भवन, संपत्ति, वाहन की खरीदी करना अत्यंत शुभ होता है।
गुरु पुष्य के साथ साध्य योग भी रहेगा जिसमें सभी काम सध जाते हैं अर्थात् पूरे हो जाते हैं। इस दिन चंद्र और मंगल के एक साथ चंद्र की राशि कर्क में आने से लक्ष्मीनारायण योग भी बन रहा है।

इसके साथ सर्वार्थ सिद्धि और अमृत सिद्धि योग की साक्षी भी रहेगी। इसलिए यह दिन वास्तव में खरीदी करने का महामुहूर्त है।
पुष्य नक्षत्र का संयोग संपूर्ण दिनरात मिलने वाला है
पुष्य नक्षत्र का प्रारंभ 24 अक्टूबर को सूर्योदय पूर्व प्रात: 6:14 बजे से होकर 25 अक्टूबर को प्रात: 7:38 बजे तक रहेगा। इस प्रकार पुष्य नक्षत्र का संयोग संपूर्ण दिनरात मिलने वाला है।
सर्वार्थ सिद्धि और अमृत सिद्धी योग
24 घंटे से अधिक समय तक पुष्य रहने के कारण यह दिन अत्यंत श्रेष्ठ हो गया है। इसी समय में लक्ष्मीनारायण योग रहने के कारण इस दिन लक्ष्मी पूजा रात्रि में अवश्य करना चाहिए। 24 अक्टूबर को ही सर्वार्थ सिद्धि और अमृत सिद्धी योग भी संपूर्ण दिन रात रहने वाला है।
गुरु पुष्य खरीदी के मुहूर्त
- चर : प्रात: 10:45 से 12:11
- लाभ : दोप 12:11 से 1:36
- अभिजित : प्रात: 11:48 से दोप 12:33
- प्रदोष काल : सायं 5:53 से रात्रि 8:25
- अमृत : सायं 5:53 से 7:27
- चर : सायं 7:27 से रात्रि 9:02
- लाभ (मध्यरात्रि मुहूर्त) : रात्रि 12:11 से 1:45
गुरु पुष्य में क्या करें
गुरु पुष्य के शुभ संयोग में अपने संपत्ति और धन-धान्य में वृद्धि के लिए शुभ मुहूर्त में वस्तुओं की खरीदी करें। यदि खरीदी नहीं कर रहे हैं तो रात्रि के शुभ मुहूर्त में अपने घर में उपलब्ध सोना-चांदी के आभूषणों को गंगाजल से शुद्ध करके उन्हें केसर और हल्दी से पूजन करें। धूप-दीप दिखाएं और पुन: तिजोरी में रख दें। इस दिन भूमि, भवन, वाहन आदि का पूजन भी अवश्य करें।












Click it and Unblock the Notifications