Weather : बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से गेहूं, सरसों और आम को भारी नुकसान, फसलों को बचाने के लिए करें ये उपाय
वाराणसी में बेमौसम बरसात के चलते फसलों को काफी नुकसान हुआ है। गेहूं, चना, सरसों और आम की फसल काफी नष्ट हुई हैं, जिसके चलते किसान परेशान नजर आ रहे हैं।

वाराणसी में रविवार की रात में हुई मूसलाधार बरसात और ओलावृष्टि के चलते गेहूं की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। इसके अलावा सरसों, चना सहित कई अन्य फसल भी काफी नष्ट हुई हैं। फसल नष्ट होने के चलते किसानों के चेहरे पर चिंता की लकीरें स्पष्ट रुप से दिखाई दे रही हैं। ऐसे में किसान कुछ उपाय अपनाकर फसलों को काफी हद तक बचा सकते हैं। आइए जानते हैं कृषि विशेषज्ञों का क्या है कहना और बेमौसम बरसात के बाद किस तरीके से फसलों की रक्षा की जा सकती है।

खेतों में जमा पानी को तत्काल निकालें बाहर
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि बरसात के दौरान खेतों में भारी मात्रा में पानी जमा हो जाता है, ऐसे में गेहूं, सरसों और चना सहित अन्य फसलों के खेतों में जमा पानी को तत्काल बाहर निकाले जाने का प्रयास किया जाना चाहिए। क्योंकि यदि समय रहते बरसात के पानी को खेतों से बाहर नहीं निकाला जाएगा तो हवा चलने पर फसलें लेट कर नष्ट हो जाएंगी। ऐसे में प्रयास किया जाए कि फसलों की सुरक्षा करते हुए खेतों में नाली बनाकर निचले इलाकों में पानी को निकाल देना चाहिए।

समय रहते गेहूं की फसल को खड़ी करने का करें प्रयास
इसके अलावा गेहूं की फसल यदि लेट गई है तो उसे खड़ी कर गन्ने की फसल की तरह एक दूसरे में बांध देना चाहिए। इस दौरान यह भी ध्यान देना चाहिए कि गेहूं का तना उठाते समय जड़ से ना टूटने पाए। विशेषज्ञों का कहना है कि यह काम जितना जल्दी हो सके उतना जल्दी किसान भाइयों को कर लेना चाहिए, क्योंकि फसलें लेट जाने के बाद देर में यदि उसे उठाया जाता है या फिर उसे उठाकर एक दूसरे से बांधा जाता है तो पुनः गेहूं के पौधे को नुकसान पहुंचता है। ऐसे में समय रहते तत्काल गेहूं की फसल को उठाकर बांध देना चाहिए जिससे कटाई के समय समस्या ना हो तथा चूहे आदि से भी गेहूं की फसल का बचाव किया जा सकता।

आम की फसल पर करें कीटनाशक का छिड़काव
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि बेमौसम बरसात के चलते आम की पैदावार भी प्रभावित होती है। आम की फसल टूट कर गिर जाती हैए इसके अलावा बरसात के चलते कई रोग भी लग जाते हैं। ऐसे में रोग से बचाव के लिए समय पर उसका उपचार किया जाना जरूरी है। बारिश के बाद अक्सर देखा जाता है कि थ्रिप्स नामक रोग आम की फसल को काफी नुकसान पहुंचाता है ऐसे में तत्काल कृषि विशेषज्ञ से बात कर कीटनाशक दवा का छिड़काव करना चाहिए। जिससे बची हुई फसल सुरक्षित रह सके और पैदावार ठीक-ठाक रहे।
Recommended Video













Click it and Unblock the Notifications