कांवड़ मेले में 4 करोड़ से ज्यादा कांवरियां पहुंचे हरिद्वार, 35 हजार मीट्रिक टन कूड़ा बना चुनौती

कांवड़ मेले में इस बार 4 करोड़ से ज्यादा कांवरियां जल चढ़ाने पहुंचे। मीडिया रिपोर्ट्स ​की मानें तो कांवड़ यात्री 35 हजार मीट्रिक टन कूड़ा छोड़कर चले गए हैं। जिसकी सफाई करना नगर निगम प्रशासन के लिए कड़ी चुनौती बना हुआ है।

कांवड़ मेले में इस बार 4 करोड़ से ज्यादा कांवरियां जल चढ़ाने पहुंचे। लेकिन अब कांवरियों के जाने के बाद हरिद्वार में फैला कूड़ा प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन गई है। मीडिया रिपोर्ट्स ​की मानें तो कांवड़ यात्री 35 हजार मीट्रिक टन कूड़ा छोड़कर चले गए हैं। जिसकी सफाई करना नगर निगम प्रशासन के लिए कड़ी चुनौती बना हुआ है। एक तरफ बारिश दूसरी तरफ कूड़े के ढ़ेर की गंदगी। जिससे जल्द हटाना प्रशासन के लिए बड़ा चैलेंज है। हालांकि, नगर निगम प्रशासन की ओर से सफाई अभियान शुरू कर दिया गया है।

 Haridwar 4 crore Kanwariyas reached Kanwar fair, 35 thousand metric tonnes of garbage challenge

कांवड़ मेला चार जुलाई से शुरू होकर 16 जुलाई तक चला। ​ कांवड़ मेले में चार करोड़ से भी ऊपर कांवड़ यात्रियों ने हर की पैड़ी से जल भरा है। इस साल की कांवड़ यात्रा ने पिछले सभी सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। इस बार चार करोड़ 7 लाख कांवड़िये इस बार पहुंचे हैं। जबकि पिछले साल तीन करोड़ 80 लाख कांवड़िये हरिद्वार पहुंचे थे।इस दौरान पुलिस के लिए सुरक्षा और मेले को सकुशल सम्पन्न कराना भारी चुनौती रही। अब प्रशासन और नगर निगम के सामने हरिद्वार मेले क्षेत्र में फैला कूड़ा भारी चुनौती है।

गंगा घाटों के साथ ही तमाम क्षेत्रों में जगह-जगह कूड़े और प्लास्टिक की पन्नी के ढेर लगे हैं।हर की पैड़ी क्षेत्र, रोड़ी बेलवाला, पंतद्वीप, ऋषिकुल मैदान, और गंगा किनारे फैली गंदगी की दुर्गंध से बुरा हाल है। बारिश में अब इनसे संक्रामक ​बीमारियां फैलने का डर भी सता रहा है। हालात ये है कि कांवड़ मेला क्षेत्र में प्रशासन की ओर से जो कूड़ेदान लगाए गए थे, उनके किनारे कूड़ा पड़ा हुआ है।

नगर निगम प्रशासन का कहना है कि पूरे क्षेत्र में छिड़काव शुरू कर दिया गया है। कूड़ा उठाने के लिए वाहनों को लगाया गया है। जल्द ही घाटों समेत शहर को स्वच्छ कर दिया जाएगा। एसडीसी फाउंडेशन के संस्थापक अनूप नौटियाल ने बताया कि जो आंकड़े अब तक सामने आए हैं, उसके अनुसार 12 दिन में 4 करोड़ कांवरियां हरिद्वार पहुंचे। इस दौरान 3 करोड़ केजी टोटल वेस्ट जनरेट हुआ। इसके अलावा 1 करोड़ केजी मल जनरेट हुआ। ​इस दौरान जो कूड़ा हरिद्वार में एकत्र हुआ उसमें से 50 प्रतिशत प्लास्टिक है। अनूप नौटियाल ने बताया कि जितना कूड़ा इन 12 दिनों में ​इकट्ठा हुआ है। वो हरिद्वार के आम दिनों का 10 गुना है। इस तरह से ये प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+