Mahakumbh 2025: 1.5 लाख नए टॉयलेट, सीवेज के लिए आधुनिक तकनीक, जानें कुंभ में स्वच्छता की क्या-क्या तैयारियां?
Mahakumbh 2025: उत्तर प्रदेश सरकार महाकुंभ 2025 की भव्य तैयारी में जुटी है। प्रयागराज में संगम के तट पर आयोजित होने वाले इस महाआयोजन में 40 करोड़ तीर्थयात्रियों के आने की उम्मीद है। 13 जनवरी से 26 फरवरी, 2025 तक चलने वाले इस कार्यक्रम का मुख्य लक्ष्य खुले में शौच मुक्त (ODF) बनाना और स्वच्छता को प्राथमिकता देना है।
इसके लिए 1.5 लाख शौचालयों का निर्माण कराया जा रहा है। सीवेज प्रबंधन के लिए आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल भी जारी है। आइए जानते हैं स्वच्छता के लिए कुंभ में क्या-क्या तैयारियां हैं?

स्वच्छता के लिए विशेष प्रयास
1.5 लाख शौचालयों का निर्माण:
- तीर्थयात्रियों की सुविधा के लिए बड़े पैमाने पर शौचालय बनाए जा रहे हैं।
सीवेज प्रबंधन के लिए आधुनिक तकनीक:
- BARC के सहयोग से 3 अस्थायी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) लगाए गए हैं।
- नैनी और चुनसी में स्थायी STP।
- अरैल में एक मल कीचड़ उपचार संयंत्र।
- पाइपलाइन और सेसपूल वाहनों का नेटवर्क कुशल कीचड़ प्रबंधन सुनिश्चित करेगा।
अलोपी पंपिंग स्टेशन का विस्तार:
- इसकी क्षमता 45 KLD से बढ़ाकर 80 KLD की जाएगी ताकि भारी संख्या में तीर्थयात्रियों के बावजूद नियमित सेवाएं बाधित न हों।
पर्यावरण पर न्यूनतम प्रभाव:
- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं 7 दिसंबर को अरैल में मल कीचड़ उपचार संयंत्र का निरीक्षण करेंगे। यह संयंत्र जून से कार्यरत है और पर्यावरण संरक्षण पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।
आध्यात्मिक अनुभव को बेहतर बनाने की पहल
फूलों की पंखुड़ियों की वर्षा (पुष्पवर्षा):
- हेलीकॉप्टर से तीर्थयात्रियों पर फूल बरसाने की परंपरा को और भव्य बनाया जाएगा।
- 2021 माघी अमावस्या के दौरान यह परंपरा सोशल मीडिया (PushpVarsha) पर काफी लोकप्रिय हुई थी।
- सरकार ने इसे सभी प्रमुख घाटों और संगम क्षेत्र में लागू करने की योजना बनाई है।
सांस्कृतिक विरासत का उत्सव: यह पहल न केवल आध्यात्मिक माहौल को यादगार बनाएगी, बल्कि भारत की सनातन संस्कृति और परंपराओं का भी उत्सव मनाएगी।
महाकुंभनगर: एक नया अध्याय
- उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रयागराज के नवनिर्धारित जिले का नाम महाकुंभनगर रखा है, जो इस ऐतिहासिक आयोजन के महत्व को दर्शाता है।
- नगर निगम और जल निगम शहरी मिलकर सफाई और बुनियादी ढांचे को मजबूत कर रहे हैं।
- यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि आयोजन के दौरान तीर्थयात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
प्रयागराज की भूमिका
महाकुंभ 2025 को एक भव्य और स्वच्छ आयोजन बनाने के लिए प्रयागराज की प्रशासनिक मशीनरी पूरी तरह सक्रिय है। प्रयागराज के मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत ने कहा कि यह आयोजन सनातन संस्कृति के प्रति श्रद्धांजलि का प्रतीक बनेगा।












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