Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

OPINION: यूपी में 75 लाख परिवारों की बदली तस्वीर, दिसंबर तक 1.25 करोड़ परिवारों को मिलेगा उनका हक

उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वालों को पक्के मकान देने का काम कर रही। प्रदेश सरकार प्रधानमंत्री स्वामित्व योजा के तहत गरीब परिवारों को पक्का मकान दे रही है। इस योजना का लाभ प्रदेश के लाखों लोगों को हो रहा है। प्रदेश सरकार हर संभव प्रयास कर रही है कि हर किसी के पास अपना पक्का मकान हो।

उत्तर प्रदेश में अबतक प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना के अंतर्गत गरीबों की जमीन, मकान, झोपड़ी का सर्वे कराकर कुल 75 लाख से अधिक परिवारों को घरौनी वितरित की जा चुकी है। लोगों को उनकी जमीन पर उनका मालिकाना हक दिलाया जा चुका है। लोगों को इसके लिए डिजिटल प्रमाण पत्र भी मुहैया कराया जा रहा है।

yogi adityanath

प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने लक्ष्य रखा है कि वह दिसंबर माह तक प्रदेश के 1.25 करोड़ परिवारों को घरौनी उपलब्ध करा देगी। इस योजना को 2024 तक चलाया जाए, जिसके तहत ड्रोन का प्रयोग करके क्षेत्र की मैपिंग की जाएगी। जिसके बाद लोगों को उनकी जमीन का डिजिटल प्रमाण पत्र मुहैया कराया जाएगा।

खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हरदोई में एक कार्यक्रम के दौरान ऐलान किया था कि दिसंबर माह तक प्रदेश के 1.25 करोड़ परिवारों को स्वामित्व योजना का लाभ पहुंचा दिया जाएगा। सरकार ने अभी तक 75 लाख परिवारों को इस योजना का लाभ दिया है। केंद्र सरकार की इस योजना को योगी सरकार ने जमीन पर उतारकर लाखों परिवारों को बड़ी राहत पहुंचाने का कार्य किया है।

प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना की बात करें तो इस योजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण इलाकों में रहने वालों को पक्का घर मुहैया कराना है। इन लोगों को शहरी क्षेत्र जैसी सुविधाएं मुहैया कराना है। इस योजना के तहत गांव में लोगों को उनकी जमीन पर मालिकाना हक दिलाया जा रहा है। जिन लोगों की जमीन किसी भी सरकारी आंकड़े में दर्ज नहीं है उन्हें इस योजना के तहत उनकी जमीन पर मालिकाना हक दिया जा रहा है। इस योजना की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 23 अप्रैल 2020 को की थी। इस योजना को ग्रामीण परिवार प्रमाण पत्र घरौनी के नाम से शुरू किया गया था।

दरअसल ग्रामीण परिवारों में अक्सर यह देखने को मिलता है कि उनके पास उनकी जमीन के कागज नहीं होते हैं, उनकी जमीन किसी भी सरकारी आंकड़े में दर्ज नहीं होती है। जिसकी वजह से उनपर उनकी जमीन के स्वामित्व पर खतरा बना रहता है। ऐसे में इस समस्या के समाधान के लिए पीएम मोदी ने प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना की शुरुआत की।

बता दें कि यह योजना फिलहाल छह राज्यों में लागू है। यह मुख्य रूप से हरियाणा, मध्य प्रदेश, कर्नाटक, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड में ही लागू है। इस योजना के तहत पायलट चरण के लिए केंद्र सरकार ने 79.65 करोड़ रुपए आवंटित किए हैं।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+