Sonbhadra Teacher Controversy: महिला टीचर जेबा अफरोज की विवादित पोस्ट पर कार्रवाई, जांच शुरू, जानें पूरा मामला
Sonbhadra Teacher News: उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले की एक शिक्षिका की सोशल मीडिया पर की गई टिप्पणी अब उनके करियर पर भारी पड़ गई है। शिक्षिका जेबा अफरोज ने हाल ही में अपने फेसबुक अकाउंट से एक विवादित पोस्ट किया, जिसके बाद शिक्षा विभाग हरकत में आ गया। मामला सामने आते ही जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) ने सख्त कदम उठाते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
बताया जा रहा है कि जेबा अफरोज, चोपन ब्लॉक के प्राथमिक विद्यालय मालोघाट में तैनात थीं। उन पर आरोप है कि उन्होंने सोशल मीडिया पर साम्प्रदायिक और भड़काऊ टिप्पणियां की हैं, जो सरकारी सेवा नियमों के पूरी तरह खिलाफ हैं। बीएसए मुकुल आनंद पांडेय ने शिक्षिका के इस कृत्य को शिक्षक की गरिमा और आचरण के विरुद्ध मानते हुए निलंबन का आदेश जारी कर दिया।

शिक्षा विभाग ने पूरे मामले की जांच के आदेश भी दे दिए हैं। खंड शिक्षा अधिकारी म्योरपुर को जांच अधिकारी बनाया गया है और उन्हें 15 दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया गया है। फिलहाल जेबा अफरोज को रानीताली बैरियर प्राथमिक विद्यालय से सम्बद्ध कर दिया गया है, जहां उन्हें निलंबन अवधि में नियमानुसार भत्ता मिलेगा।
फेसबुक पोस्ट ने बढ़ाया विवाद
जांच में सामने आया कि शिक्षिका ने फेसबुक पर आगरा में हुई एक घटना पर भी विवादित टिप्पणी की थी। उन्होंने लिखा था कि आरोपियों को पुलिस ने मुठभेड़ में पैर में गोली मारकर गिरफ्तार किया, लेकिन असलियत को दबाने की कोशिश की जा रही है। पोस्ट में उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले को आपसी लेनदेन का बताकर असली साजिश को छिपाया जा रहा है।
शिक्षिका ने अपनी पोस्ट में यह भी कहा कि अगर केस की गहराई से जांच होती तो इसमें बड़े आतंकवादियों के नाम उजागर होते। उन्होंने आरोप लगाया कि पूरे मामले में कानून ने एक आतंकी संगठन को क्लीन चिट दे दी और समाज में आरोपितों को हीरो की तरह पेश किया जा रहा है।
साम्प्रदायिक टिप्पणी ने बढ़ाई मुश्किलें
सबसे ज्यादा बवाल उस पोस्ट पर हुआ जिसमें शिक्षिका ने लिखा था, "देश का वफादार हमेशा मुसलमान रहे हैं, गद्दार तो हमेशा संघी ही रहे हैं।" इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर भी शिक्षिका की आलोचना शुरू हो गई और विभाग को सख्त कार्रवाई करनी पड़ी।
बीएसए के अनुसार, शिक्षिका की ये पोस्ट उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक आचरण नियमावली 1956 के खिलाफ हैं और शिक्षक के पद की गरिमा को ठेस पहुंचाती हैं। इसलिए विभाग ने बिना देर किए निलंबन का आदेश पारित किया।
अब पूरा मामला विभागीय जांच के दायरे में है। जांच अधिकारी को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे मामले की हर पहलू से जांच करें और 15 दिनों के भीतर रिपोर्ट सौंपें। इसके बाद ही शिक्षिका के भविष्य को लेकर अंतिम फैसला लिया जाएगा।
-
रिंकू सिंह ने क्षेत्रीय खेल अधिकारी की भूमिका के लिए उत्तर प्रदेश सरकार और मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया। -
Mayank Arya Net Worth: YesMadam के मालिक कितने अमीर? क्यों कर रहे ट्रेंड? वर्कर्स Layoff से विवादों में रहे -
Gold Rate Today: सोने के दामों में मामूली उछाल, निवेशक हैरान, कहां पहुंचा 24, 22 और 18 कैरट का भाव? -
LPG Cylinder Price Today: आज बदल गए रसोई गैस के दाम? सिलेंडर बुक करने से पहले चेक करें नई रेट लिस्ट -
'शूटिंग सेट पर ले जाकर कपड़े उतरवा देते थे', सलमान खान की 'हीरोइन' का सनसनीखेज खुलासा, ऐसे बर्बाद हुआ करियर -
Delhi NCR Weather Today: दिल्ली-NCR में होगी झमाझम बारिश, दिन में छाएगा अंधेरा, गिरेगा तापमान -
युद्ध के बीच ईरान ने ट्रंप को भेजा ‘बेशकीमती तोहफा’, आखिर क्या है यह रहस्यमयी गिफ्ट -
Gold Silver Price: सोना 13% डाउन, चांदी 20% लुढ़की, मार्केट का हाल देख निवेशक परेशान -
Ram Navami Kya Band-Khula: UP में दो दिन की छुट्टी-4 दिन का लंबा वीकेंड? स्कूल-बैंक समेत क्या बंद-क्या खुला? -
इच्छामृत्यु के बाद हरीश राणा पंचतत्व में विलीन, पिता का भावुक संदेश और आखिरी Video देख नहीं रुकेंगे आंसू -
'मुझे 10 बार गलत जगह पर टच किया', Monalisa ने सनोज मिश्रा का खोला कच्चा-चिट्ठा, बोलीं-वो मेरी मौत चाहता है -
Petrol-Diesel Shortage: क्या भारत में पेट्रोल-डीजल समेत ईंधन की कमी है? IndianOil ने बताया चौंकाने वाला सच












Click it and Unblock the Notifications