Palak Kishori: जया किशोरी को टक्कर दे रही पलक किशोरी, 17 साल में बनी कथावाचिका
Palak Kishori: मध्य प्रदेश के सतना शहर की रहने वाली पलक किशोरी महज 17 वर्ष की हैं। देखते ही देखते सोशल मीडिया में पलक तिवारी की चर्चा हो रही है। लोग उनकी तुलना जया किशोरी से करने लगे हैं। पलक किशोरी जया किशोरी को अपना आदर्श मानती हैं। और उनकी तरह वो भी कथावाचन करती हैं।
सतना जिले की रहने वाली हैं और पलक 12वीं की छात्रा हैं। अब जया किशोरी की तरह पलक किशोरी भी कथावाचक बन गई हैं। हजारों की संख्या में लोग उनकी भागवत कथा सुनने के लिए उमड़ पड़ते हैं और लोग उनकी संगीतमय कथा के दीवाने हो रहे हैं।

पलक किशोरी का कहना है कि जया किशोरी के भागवत कथा सुनाने के तरीके को देखकर मुझे प्रेरणा मिली और अब उनके मार्गदर्शन से मैं भागवत कथा का पाठ कर पा रही हूं। कई लोग कहते हैं कि मेरा हूबहू बिल्कुल जया किशोरी जैसा है। मैं उन्हें अपना आइडियल मानती हूं। पलक किशोरी ने जया किशोरी को अपना प्रेरणा स्रोत बताया और अब पलक किशोरी बिल्कुल उन्हीं की तरह कथावाचक कह रही हैं।
दरअसल, साल 2021 में कोरोना काल में पहली बार नवरात्रि के पर्व पर पलक किशोरी ने भगवान कृष्ण पर दो घंटे का कथा किया था और तब से पलक धीरे-धीरे आगे बढ़ीं। ऐसे में उन्होंने पहला भागवत रीवा के लखौरी बाग स्थित भगवान कृष्ण के मंदिर में किया, जिसे सुनकर लोग काफी खुश हुए।

उनका कहा है कि जया किशोरी के वीडियो देखकर उन्होंने सीखा। भागवत की कोई प्रोफेशनल पढ़ाई नहीं की है। कोविड-19 के दौरान घर पर रहकर भागवत कथा का अध्ययन किया था। इसके बाद धीरे-धीरे कथावचन करने लगीं।












Click it and Unblock the Notifications