Noida Twin Tower Case: सुप्रीम कोर्ट पहुंचा Supertech, बोला- बस एक टॉवर ही गिराएं
नोएडा, 29 सितंबर: रियल एस्टेट डेवलपर कंपनी सुपरटेक ने नोएडा में ट्विन टॉवर को ढहाने से रोकने के लिए सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है। सुपरेटक एमेरॉल्ड कोर्ट ट्विन टावर मामले में कंपनी ने कोर्ट से 40 मंजिला ट्विन टॉवर-16 (एपेक्स) और 17(स्यान) को ढहाने के आदेश को लेकर सुप्रीम कोर्ट में संशोधन याचिका दाखिल की है। इस याचिका में अपील की है कि कोर्ट ट्विन टॉवर के ढहाने के आदेश पर रोक लगाए और सिर्फ एक टॉवर को ढहाने की मंजूरी दे। उसका कहना है कि इससे ना केवल करोड़ों रुपये बचेंगे, बल्कि नियमों के मुताबिक निर्माण भी होगा।

कोर्ट ने दोनों टॉवरों को तीन महीने के भीतर गिराने का दिया था आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने 31 अगस्त को सुपरटेक के एमेरॉल्ड कोर्ट प्रोजेक्ट के इन दो टॉवरों को तीन महीने के भीतर गिराने का निर्देश दिया था। इसके साथ ही यह भी कहा था कि ढहाने का कार्य नोएडा के अधिकारियों की देखरेख में होगा और सुपरटेक को इस मद में होने वाले खर्च का वहन करना होगा। जस्टिस डीवाई चंद्रचूड और जस्टिस एमआर शाह की पीठ ने इलाहाबाद हाईकोर्ट की ओर से पारित उस आदेश को बरकरार रखा था, जिसमें सुपरटेक के ट्विन टावर को गिराने का आदेश दिया गया था। कोर्ट ने सीबीआरआई को इन टॉवरों को गिराने के लिए कहा था, जिससे टॉवरों को सुरक्षित तरीके से गिराना सुनिश्चित किया जा सके।
सुपरटेक ने किया सुप्रीम कोर्ट का रुख
सुपरेटक ने अब कोर्ट से 40 मंजिला ट्विन टॉवर-16 (एपेक्स) और 17(स्यान) को ढहाने के आदेश को लेकर सुप्रीम कोर्ट में संशोधन याचिका दाखिल की है। सुपरटेक ने याचिका में कहा कि सु्प्रीम कोर्ट द्वारा की गई टिप्पणियों को ध्यान में रखते हुए उन्होंने प्रोजेक्ट में बदलाव करने का निर्णय लिया है। सुपरटेक ने कोर्ट में प्रोजेक्ट में संभावित बदलाव की रूपरेखा पेश की है। कंपनी ने कहा है कि एक टॉवर के 224 फ्लैट गिराए जाएंगे तो वो फायर सेफ्टी आदि नियमों का पालन करेंगे। बता दें, सुप्रीम कोर्ट ने ट्विन टॉवर को गिराने के साथ-साथ सुपरटेक को दो महीने के भीतर फ्लैट खरीदारों को 12 फीसदी प्रति वर्ष ब्याज के साथ राशि वापस करने का भी निर्देश दिया था। कोर्ट ने बिल्डर को एक महीने के भीतर एमेरॉल्ड कोर्ट ओनर रेजिडेंट्स वेलफेयर असोसिएशन को हर्जाने के तौर पर दो करोड़ रुपए का भुगतान करने का भी निर्देश दिया था।












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