• search
लखनऊ न्यूज़ के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  

कर्ज उतारने के लिए बना लिया कार चोरी का गैंग

|

लखनऊ। आपने कई गैंग के बारे में सुना होगा जो पैसों की खातिर चोरी और लूट की घटनाओं को अंजाम देते हैं। लेकिन लखनऊ में एक ऐसा गैंग सामने आया है जो कर्ज उतारने के लिए चोरी और लूट की वारदातों को अंजाम दे रहा है। लखनऊ के सरोजनीगर में एक ऐसे ही गैंग का खुलासा हुआ है जो कर्ज उतारने के लिए चोरी की घटनाओं को अंजाम दे रहा है और इसके लिए चोरी करने वालों को एक हजार रुपए का हर महीना कमीशन दिया जाता है।

बिहार: गांव के अधेड़ दामाद ने किया 6 साल की बच्ची से दुष्कर्म

A gang for robbery which was made to recover the debt in Lucknow

इस गैंग ने एक साल के भीतर 20 से अधिक कारों की चोरी कर चुका है कारों को गैराज में लाकर उसके पार्ट्स को लोगों को बेचता था। पीजीआई थाने की पुलिस ने इस गैंग का पर्दाफाश किया है और इसके चार बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया है।

इन आरोपियों के पास से आल्टो और मारूती 800 कार भी बरामद की गयी है। पीजीआई एसओ जुबेर अहमद ने बताया कि गिरोह का मुखिया एक वकील है जो बदालीखेड़ा में रहता है और उसका नाम अहमद है। उसने स्कूटर इंडिया चौराहे के पास इंडिया मोटर के नाम से एक गैराज खोला है जहां चोरी की गाड़ियां लायी जाती थी।

चाचा ही अपनी भतीजी की इज्जत का बना लुटेरा

अहमद इन लोगों को हर चोरी में एक हजार रुपए का कमीशन देता था। इस गैंग का खुलासा उस वक्त हुआ जब तेलीबाग में चल रही चेकिंग के दौरान संदिग्ध ऑटो चालक को रोका गया जिसके पास किसी भी तरह के कागज नहीं थे। बाद में पता चला कि यह वही कार है जो कुछ दिन पहले कृष्णानगर से चोरी हो गयी थी।

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
A gang for robbery which was made to recover the debt in Lucknow. Police has arrested four members of the gang which was operating in Sarojininagar.
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more