International Criminal Court: आखिर क्या है ये ICC, जिसने व्लादिमीर पुतिन के खिलाफ जारी किया अरेस्ट वारंट

International Criminal Court: क्या है ये आईसीसी कोर्ट जिसने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के खिलाफ अरेस्ट वारंट। आईसीसी ने पुतिन को युद्ध के दौरान बच्चों के खिलाफ अपराध का दोषी पाया है।

vladimir putin

International Criminal Court: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के खिलाफ इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट (ICC) ने अरेस्ट वारंट जारी किया है। उनपर आरोप है कि वह यूक्रेन के खिलाफ युद्ध में युद्ध अपराध के दोषी हैं। आईसीसी ने पुतिन को युक्रेन के युद्ध के दौरान बच्चों के अवैध निर्वासन और उन्हें गैरकानूनी तरह से रूस में हस्तांतरण किया है, लिहाजा उन्हें गिरफ्तार किया जाना चाहिए। हालांकि आईसीसी के इस अरेस्ट वारंट को खोखला करार दिया है। रूस ने आईसीसी के आरोपों को सिरे से खारिज किया है।

क्या है आईसीसी
ऐसे में सवाल यह उठता है कि आखिर यह आईसीसी है क्या, जिसने व्लादिमीर पुतिन के खिलाफ अरेस्ट वारंट जारी किया है। इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट का गठन 2002 में हुआ था। इसका गठन युद्ध अपराध की सजा देने, मानवता के खिलाफ अपराध की सजा देने, नरंसहार आदि मामलों की सजा देने के लिए हुआ था। इस कोर्ट का गठन इस उद्देश्य से किया गया कि अगर संबंधित देश खुद इस तरह के अपराध की सजा ना दे पाए तो आईसीसी ऐसे अफराध की सजा देगा। कोर्ट के पास यह प्रावधान है कि वह इस कोर्ट के सदस्य देशों के नागरिकों को सजा दे सकता है। इसमे 15 तरह के अपराध को लिस्ट किया गया है, जिसके तहत आईसीसी लोगों को सजा दे सकता है। जिसमे हत्या, रेप, जेल, जबरन किसी को उठा लेना, महिला-बच्चों से गुलामी कराना, यौन शोषण के लिए दासता कराना, जैसे अपराध शामिल हैं।

17 मामलों की जांच कर रहा आईसीसी
मौजूदा समय में बात करें तो आईसीसी यूक्रेन, अफ्रीका के राज्य यूगांडा, कोंगो, केन्या, वेनेजुएला, लैटिन अमेरिका, म्यांमार, फिलिपींस के 17 मामलों की जांच कर रहा है। अभी तक आईसीसी युद्ध अपराध और मानवता के खिलाफ अपराध के लिए कोंगो, माली, युगांडा के 5 लोगों को सजा दे चुका है। जबकि 21 लोगों को कोर्ट के डिटेंशन सेंटर में रखा गया है। आईसीसी ने 2 मार्च 2022 को यूक्रेन युद्ध की जांच शुरू की, जिसमे युद्ध के दौरान किए गए अपराध की जांच की जा रही है।

क्या गिरफ्तार हो सकते हैं पुतिन ?
आईसीसी की ओर से व्लादिमीर पुतिन के खिलाफ वारंट जारी होने के बाद सवाल यह भी खड़ा हो रहा है कि क्या आईसीसी पुतिन को गिरफ्तार कर सकती है। कोर्ट ने पुतिन और रूस की आयुक्त मारिया लावोवा-बेलोवा के खिलाफ यह वारंट जारी किया है। लेकिन गौर करने वाली बात यह है कि आईसीसी के पास यह अधिकार नहीं है कि वह किसी को गिरफ्तार कर सके। यह अधिकार संबंधित अपराधी के देश के पास ही होता है। रूस ने आईसीसी कोर्ट के समझौते पर हस्ताक्षर नहीं किया है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+