पुलवामा हमले से बढ़ रही टेंशन से हम चिंतित, भारत-पाक जल्द स्थिति से निपटें: UN
न्यूयॉर्क। पुलवामा हमले के बाद न सिर्फ भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है, बल्कि पूरे साउथ एशिया में भी टेंशन बढ रहा है। इस बीच संयुक्त राष्ट्र (यूएन) ने भारत और पाकिस्तान दोनों को मामले से शांति से निपटने और जल्द से जल्द गतिरोध खत्म करने के लिए कहा है। यूएन ने कहा कि भारत या पाकिस्तान कोई भी हमसे सहायता मांगता है, तो हम सहयोग करने के लिए तैयार है। पिछले सप्ताह गुरुवार को पाकिस्तान संचालित जैश-ए-मोहम्मद आतंकी संगठन ने जम्मू कश्मीर के पुलवामा में सीआरपीएफ के काफिले पर हमला कर दिया था, जिसमें 40 से अधिक जवानों की मौत हो गई थी।

संयुक्त राष्ट्र के प्रवक्ता स्टिफन दुजारिक ने मंगलवार को प्रेस कांफ्रेंस में कहा, 'सेक्रेटरी जनरल (एंटोनियो गुटेरेस) ने कहा कि दोनों पक्ष ज्यादा से ज्यादा संयम रखकर और तुरंत कदम उठाकर तनाव खत्म करें। अगर दोनों देशों को किसी भी मदद की जरुरत है तो उनके ऑफिस सहयोग करने के लिए तैयार है।' पुलवामा हमले के बाद यूएन ने पाकिस्तान के परमानेंट मिशन को मीटिंग के लिए कहा था। वहीं, पाकिस्तान के विदेश मंत्री कुरैशी ने भी इस मामले में यूएन को दखल देने के लिए आग्रह किया था।
दुजारिक ने कहा, 'भारत के सुरक्षाबलों पर 14 फरवरी को हुए हमले के बाद जिस तरह से दोनों देशों के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है, उसे देखते हुए हम बेहद चिंतित है। हम भारत और पाकिस्तान के वर्तमान हालात पर नजर बनाए हुए हैं।' एक अलग मुद्दे का जिक्र करते हुए दुजारिक ने कहा कि 16 फरवरी को UNMOGIP (UN Military Observer Group in India and Pakistan) के लिए काम कर रहे एक ग्रुप के एक वाहन को जम्मू शहर के प्रदर्शनकारियों ने घेर लिया था और उन प्रदर्शनकारी के कार के आगे पाकिस्तानी झंडा लगा हुआ था। जम्मू कश्मीर में यूएन के लिए काम कर रहे इस ग्रुप ने यूएन को बताया कि भारत और पाकिस्तान दोनों ही देश तनाव को खत्म करने के लिए तैयार नहीं है।
पिछले सप्ताह यूएन जनरल सेक्रेटरी ने जम्मू कश्मीर के पुलवामा में हुए हमले को लेकर कड़ी निंदा की थी। बता दें कि पुलवामा हमले में भारत ने जो सबूत इकट्ठा किए हैं, वह पाकिस्तान को नहीं सौंपेगा। इससे पहले भारत कई बार पाकिस्तान को उनकी करतूतों के सबूत दे चुका है, लेकिन आज दिन तक किसी के खिलाफ कोई एक्शन नहीं लिया गया।












Click it and Unblock the Notifications