म्यांमार में प्रदर्शनकारी लड़की के सिर पर सेना ने मारी गोली, रोहिंग्या भी विरोध प्रदर्शन में शामिल

म्यांमार में सेना की गोली लगने से एक प्रदर्शनकारी की मौत हो गई है वहीं रोहिंग्या मुसलमानों ने भी सेना के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।

Girl shot dead in Myanmar: नेपीतॉ: म्यांमार में सैन्य शासन के खिलाफ प्रदर्शन करने वाली एक लड़की के सिर में सेना के जवान ने गोली मार दी, जिसके बाद लड़की की इलाज के दौरान मौत हो गई है। सेना के खिलाफ प्रदर्शन में किसी प्रदर्शनकारी को गोली लगने और मौत का यह पहला मामला है जिसके खिलाफ अब म्यांमार में जमकर बवाल शुरू हो गया है। वहीं, अब अमेरिकी सेना ने भी म्यांमार को चेतावनी जारी कर दी है।

MYANMAR

पुलिस की गोली से प्रदर्शनकारी की मौत

म्यांमार में सैन्य तख्तापलट के खिलाफ लगातार प्रदर्शन किया जा रहा है। इसी महीने एक फरवरी को म्यांमार सेना ने चुनी हुई सरकार को सत्ता से बर्खास्त करते हुए सैनिक शासन का ऐलान कर दिया था। म्यांमार में सेना ने एक साल के लिए आपातकाल की भी घोषणा की है और मिलिट्री शासन के खिलाफ म्यांमार की जनता सड़कों पर है। म्यांमार की सड़कों पर अलग अलग अंदाज में लोग प्रदर्शनकर रहे हैं लेकिन अब धीरे धीरे प्रदर्शन हिंसक होता जा रहा है। बताया जा रहा है कि एक यंग प्रदर्शनकारी लड़की के सिर में सेना ने गोली मार दी जिससे वो बुरी तरह घायल हो गई और अस्पताल में इलाज के दौरान लड़की ने दम तोड़ दिया।

म्यांमार की राजधानी नेपीतॉ में नौ फरवरी को प्रदर्शन के दौरान म्या थ्वेत थ्वेत नाम की प्रदर्शनकारी के सिर में गोली लग गई थी, जिसके बाद इलाज के लिए उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। लड़की की स्थिति लगातार नाजुक बनी हुई थी और उसे ICU में रखा गया था। लेकिन, अब लड़की ने दम तोड़ दिया है। चश्मदीदों के मुताबिक प्रदर्शनकारियों पर हो रहे पानी की बौछार से बचने के दौरान लड़की के सिर के पिछले हिस्से में सेना की गोली लग गई थी और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया था। लेकिन, अब युवा प्रदर्शनकारी की मौत के बाद पूरी दुनिया में म्यांमार सेना की आलोचना हो रही है। वहीं, मानवाधिकार संगठनों ने लड़की की मौत की जांच की मांग की है।

MYANMAR

मानवाधिकार संगठनों ने की जांच की मांग

प्रदर्शनकारी लड़की म्या थ्वेत थ्वेत की मौत के बाद हम मानवाधिकार संगठनों ने सैन्य शासन के खिलाफ विद्रोह का मोर्चा खोल दिया है और म्या की मौत की निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है। वहीं, अमेरका ने म्यांमार सेना को सख्त चेतावनी देते हुए प्रदर्शनकारियों पर हथियार इस्तेमाल नहीं करने को कहा है। व्हाइट हाउस ने अपने बयान में कहा है कि अहिंसक प्रदर्शनकारी लड़की पर सेना द्वारा गोली चलाने की वो कड़े शब्दों में निंदा करता है साथ ही सेना से अपील करता है कि वो प्रदर्शनकारियों पर हथियार का इस्तेमाल ना करें। वहीं, म्यांमार की सेना ने कहा है कि प्रदर्शनकारियोंके साथ हाथापाई में एक पुलिसकर्मी गंभीर जख्मी हो गया था, जिसकी अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई।

अल्पसंख्यकों ने भी खोला मोर्चा

म्यांमार में सैन्य शासन के खिलाफ अल्पसंख्यक समुदाय ने भी मोर्चा खोल दिया है। मेंबर ऑफ म्यांमार एथनिक ग्रुप ने शनिवार को सेना के खिलाफ विशाल रैली का आयोजन किया। जिसमें म्यांमार की चुनी हुई सरकार के हाथ में फिर से सत्ता सौंपने की मांग की गई है। हालांकि, म्यांमार के अल्पसंख्यकों का कहना था कि म्यांमार की नेता आंग सान सू की से भी वो खुश नहीं हैं लेकिन फिर भी वो लोकतंत्र के समर्थन में सैन्य तानाशाहों के खिलाफ प्रदर्शन निकाल रहे हैं। नागा मैनोरिटी ग्रुप की नेता की जंग ने म्यांमार में सैन्य शासन खत्म कर फौरन संघीय सरकार के गठन की मांग की। उन्होंने कहा कि हम एक मिलिट्री शासन के अंदर लोकतांत्रिक संघीय सरकार की रचना नहीं कर सकते हैं इसीलिए हम सैन्य शासन जुंटा को फौरन सत्ता से हटने की मांग करते हैं।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+