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भारतीय सेना का 'ड्रैगन' पर ‘वज्र प्रहार’, अमेरिकी जवानों के साथ आसमान से दिखाया दम

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नई दिल्ली/वाशिंगटन, 20 अगस्त : भारत और चीन के बीच LAC पर तनाव के बीच हिमाचल प्रदेश में चीनी सीमा के पास भारतीय जवानों ने आसमान में अपना दम दिखाकर अपनी वीरता का परिचय दिया है। बता दें कि, अमेरिका और भारतीय सेना के विशेष बल संयुक्त अभ्यास के तहत प्रशिक्षण और विशेष अभ्यास कर रहे हैं। इस संयुक्त अभ्यास को 'वज्र प्रहार' का नाम दिया गया है। यह दोनों देशों के बीच अभ्यास का 13वां संस्करण है। आज के सैन्य अभ्यास में भारतीय सेना और अमेरिकी सेना के विशेष बलों ने हजारों फीट की उंचाईयों से कूदकर अपनी असीम वीरता का परिचय दिया।

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    भारत का वज्र प्रहार....

    भारत का वज्र प्रहार....

    भारत और चीन के बीच LAC पर तनाव के बीच हिमाचल प्रदेश में चीनी सीमा के पास भारतीय जवानों ने आसमान में अपना दम दिखाया है। हिमाचल प्रदेश में चीन की सीमा से कुछ ही दूरी पर भारतीय और अमेरिकी सेना के साथ मिलकर युद्धाभ्यास जारी है। भारतीय सेना के अतिरिक्त लोक सूचना महानिदेशालय ने शनिवार को एक वीडियो ट्वीट किया जिसमें आप देख सकते हैं कि, भारतीय और यूएस आर्मी के विशेष बल संयुक्त अभ्यास के दौरान GPADS का उपयोग करके लोड को सटीक रूप से गिराने और हजारों फीट की ऊंचाई से फ्रीफॉल मुकाबला का अभ्यास किया। ‘व्रज प्रहार'में दोनों देशों की सेनाएं एरियल इंसर्शन और कॉम्बैट फ्रीफॉल का अभ्यास करते दिखाई दे रहे हैं। इसके तहत जवान हेलीकॉप्टर से पैराशूट की मदद से कई फीट ऊपर आसमान से छलांग लगाते दिखाई दे रहे हैं, इतना ही नहीं हथियारों को भी पैराशूट की सहायत से तय लोकेशन पर गिराया जा रहा है। सेना की यह नीति किसी भी युद्ध के वक्त काफी कारगार साबित होती है।

    अमेरिका और भारत की सेना का संयुक्त अभ्यास

    अमेरिका और भारत की सेना का संयुक्त अभ्यास

    अभ्यास वज्र प्रहार 2022 की शुरुआत 8 अगस्त, सोमवार को हिमाचल प्रदेश के बकलोह में विशेष बल प्रशिक्षण स्कूल (एसएफटीएस) में की गई थी। सैन्य अभ्यास में, अमेरिकी विशेष बलों के पहले विशेष बल समूह (एसएफजी) और विशेष रणनीति स्क्वाड्रन (एसटीएस) के कर्मी अमेरिकी दल का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं, जबकि भारतीय दल का प्रतिनिधित्व एसएफटीएस के विशेष बल कर्मियों द्वारा किया जा रहा है।

    सैन्य अभ्यस क्यों है जरूरी

    भारतीय रक्षा मंत्रालय के अनुसार, अभ्यास का मुख्य उद्देश्य दोनों देशों के विशेष बलों के बीच अंतःक्रियाशीलता में सुधार करना है। 8 अगस्त को जारी एक बयान के अनुसार, संयुक्त मिशन योजना और परिचालन रणनीति जैसे क्षेत्रों में सर्वोत्तम प्रथाओं और अनुभवों को साझा करने के लिए दोनों देशों के विशेष बलों द्वारा संयुक्त अभ्यास भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच वैकल्पिक रूप से आयोजित किया जाता है।

    इससे पहले सैन्य अभ्यास अक्टूबर 2021 में हुआ था

    इससे पहले सैन्य अभ्यास अक्टूबर 2021 में हुआ था

    अभ्यास का पिछला संस्करण अक्टूबर 2021 के महीने में संयुक्त बेस लुईस मैककॉर्ड, वाशिंगटन (यूएसए) में आयोजित किया गया था। अभ्यास वार्षिक आधार पर आयोजित होता है और भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच वैकल्पिक रूप से आयोजित किया जाता है।

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    English summary
    As part a joint military exercise, special forces of the Indian Army and US Army held a breathtaking aerial insertion and combat freefall practice, Additional Directorate General of Public Information informed in a tweet on Saturday.
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