'डोनाल्ड ट्रंप को गोली नहीं, बस कांच के टुकड़े लगे', गोलीबारी की घटना पर विरोधियों ने किया अब बड़ा दावा
Donald Trump shot: अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर शनिवार (13 जुलाई) को पेंसिल्वेनिया के बटलर में चुनावी रैली के दौरान गोली से उनपर हमला किया गया, जिसमें वह घायल हो गए हैं। लेकिन उनकी हालत ठीक है। इस घटना के बाद डोनाल्ड ट्रंप को अपने दाएं कान पर हाथ रखे देखा जा सकता है। इस रैली के दौरान कई बार गोलियों की आवाज भी सुनने को मिली।
अमेरिकी की 'सीक्रेट सर्विस' ने बताया कि ट्रंप शनिवार को राष्ट्रपति चुनाव के लिए एक रैली को संबोधित कर रहे थे, इसी दौरान छह बजकर 15 मिनट पर एक संदिग्ध हमलावर ने रैली वाली जगह के बाहर एक ऊंचे स्थान से मंच की ओर कई गोलियां चलाईं, जिसमें ट्रंप घायल हो गए। इस पूरे मामले की अब गहन जांच हो रही है।

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इस पूरी घटना के बारे में बात करते हुए खुद ट्रंप ने कहा है कि, उन्हें ऐसा लगा जैसे कोई गोली उनके कानों और स्किन (त्वचा) को चीरती हुई निकल गई हो। अब कुछ रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि, ट्रंप को गोली लगी ही नहीं है, उन्हें गोली की जगह कांच के टुकड़े लगे थे।
क्या डोनाल्ड ट्रंप को गोली के बजाय कांच के टुकड़ें लगे थे?
डोनाल्ड ट्रंप ने गोलीबारी वाली इस घटना के बारे में बताते हुए कहा कि, एक गोली उनके कान में लगी थी और उसके कारण खून बह रहा था। हालांकि, अमेरिकी वेबसाइट Raw Story के मुताबिक कानून प्रवर्तन अधिकारियों ने कथित तौर पर दो स्रोतों को सूचित किया है कि ट्रंप को गोली नहीं बल्कि कांच के टुकड़े लगे थे।
Newsmax's Alex Salvi and Axios' की रिपोर्ट के मुताबिक अधिकारियों ने बताया कि ट्रंप को कांच के टुकड़ों से मारा गया था। संभवत एक टेलीप्रॉम्प्टर से जो गोलियों के कारण टूट गया था, वहीं ट्रंप को लगा है। हालांकि ये दावा सिर्फ मीडिया रिपोर्ट के आधार पर किया जा रहा है।
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डोनाल्ड ट्रंप के विरोधियों का दावा- ये हमला प्लानिंग थी!
भले ही ट्रंप ने कहा कि उन्हें ऐसा महसूस हुआ जैसे कोई गोली उनके कानों को चीरते हुए निकली हो, लेकिन डोनाल्ड ट्रंप के विरोधियों का दावा है कि यह घटना एक प्लानिंग का हिस्सा था और ये घटना फर्जी है। कुछ सोशल मीडिया पोस्ट ने आरोप लगाया कि यह हिंसा खुद ट्रंप द्वारा प्लान की गई थी।
एक सोशल मीडिया यूजर ने दावा किया, "ट्रंप की असफल शूटिंग स्पष्ट रूप से सहानुभूति और वोट के लिए दक्षिणपंथियों द्वारा रची गई एक धोखाधड़ी थी। जैसे कि वह व्यक्ति अपने सुरक्षाकर्मी से कह रहा हो कि 'रुको यह एकदम सही है' और अपनी मुट्ठी ऊपर उठाओ,"
एक अन्य ने कहा, "3 शॉट, किसी को नहीं लगे, उसे मंच से जल्दी से बाहर मत निकालो, और वह अपना फोटो खिंचवाता है। कोई भी हिलता नहीं है। ये सब एक प्लान के तहत कराया गया हमला लगता है। एक अन्य यूजर ने लिखा, "बहुत बढ़िया ढंग से सबकुछ प्लान लग रहा है वाह।''
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जबकि संयुक्त राज्य अमेरिका के सांसदों और वैश्विक नेताओं ने शनिवार को देश को हिला देने वाली हिंसा की निंदा की है। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने भी कहा कि इस देश में हिंसा की कोई जगह नहीं है।












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