संजय झा ने सिंगापुर में पाकिस्तान को किया बेनकाब, दुनिया को बताई आतंकिस्तान की काली सच्चाई
जदयू सांसद संजय कुमार झा (Sanjay Kumar Jha) की अगुवाई में एक डेलिगेशन सिंगापुर में बसे भारतीय प्रवासी समुदाय (Indian diaspora) से मिला और पाकिस्तान के आतंकवाद फैलाने वाले जाल की पोल खोली। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि पाकिस्तान की पूरी व्यवस्था आतंकवाद पर टिकी हुई है और भारत दुनिया को इस सच्चाई से रूबरू कर रहा है।
संजय झा ने स्पष्ट किया कि, 'पाकिस्तान की पूरी राजनीतिक और सैन्य व्यवस्था आतंकवाद को बढ़ावा देने पर टिकी हुई है। उनका तरीका यही है कि वे आतंकवादियों को हथियार, पैसा और ट्रेनिंग देते हैं और फिर उन्हें सीमा पार भेजते हैं।' उन्होंने बताया कि यह पाकिस्तान की नीतियों का हिस्सा है जो लगातार भारत के खिलाफ आतंकवाद को बढ़ावा देती हैं।

ऑपरेशन सिंदूर: आतंकियों पर सटीक हमला
संजय झा ने ऑपरेशन सिंदूर के बारे में कहा कि इसका मकसद पाकिस्तान के उस पार से आतंकियों के ठिकानों को निशाना बनाना था, जहां उन्हें ट्रेनिंग, फंडिंग और लॉन्च पैड मिलता है।
उन्होंने कहा कि, '7 मई को शुरू हुए इस ऑपरेशन में नौ आतंकवादी ठिकानों को पूरी सावधानी से नष्ट किया गया। इस हमले को रात में इसलिए किया गया ताकि कोई आम नागरिक प्रभावित न हो। न किसी नागरिक को नुकसान हुआ, न ही किसी सैन्य ठिकाने को टारगेट किया गया।'
भारतीय प्रवासियों का मिला साथ
सिंगापुर में भारतीय प्रवासी समुदाय ने भारत के इस जवाबी कार्रवाई का जोरदार समर्थन किया। प्रवासी सदस्य वैशाली भट्ट ने बताया कि वे 22 अप्रैल को पाहलगाम हमले से ठीक पहले वहां थीं। उन्होंने कहा कि, 'हम छुट्टियां मनाने पाहलगाम गए थे, लेकिन हमले की गंभीरता का हमें अंदाजा नहीं था। सरकार की इस प्रतिक्रिया से हम बहुत खुश हैं। अब पाकिस्तान को साफ संदेश मिल गया है कि जो भी आतंकवाद को बढ़ावा देगा, उससे हम जंग लड़ेंगे।'
एक और प्रवासी सदस्य आकांक्षा ने कहा कि, 'प्रतिनिधिमंडल का यह दौरा बेहद अहम है क्योंकि इससे हम अपनी बात पूरी दुनिया के सामने रख पा रहे हैं। भारत का यह जवाबी हमला पूरी तरह से जरूरी था।'
प्रतिनिधिमंडल की अहमियत और लक्ष्य
संजय कुमार झा के नेतृत्व में यह प्रतिनिधिमंडल, जिसमें बीजेपी, तृणमूल कांग्रेस, सीपीआई-एम जैसे कई दलों के सांसद शामिल हैं, जापान, इंडोनेशिया, मलेशिया, दक्षिण कोरिया और सिंगापुर के नेताओं के साथ बातचीत कर भारत के खिलाफ पाकिस्तान की करतूतों और 22 अप्रैल के पाहलगाम आतंकवादी हमले के बाद भारत की प्रतिक्रिया को समझाने का काम कर रहा है।












Click it and Unblock the Notifications