ईरान में 'एंटी हिजाब' प्रदर्शन चरम पर, अब तक 29 महिलाएं गिरफ्तार
तेहरान। ईरान में सरकार के खिलाफ पिछले एक महीने में दूसरा बार बड़ा आंदोलन देखने को मिल रहा है। ईरान में इन दिनों एंटी हिजाब आंदोलन चल रहा है, जिसमें सैकड़ों महिलाएं सड़क से लेकर सोशल मीडिया पर ईरानी नेता अयातुल्लाह खुमैनी के उस कानून का विरोध कर रही हैं, जो उन्होंने 1979 में बनाया था। सरकार ने हिजाब कानून तोड़ने के कारण अब तक 29 महिलाओं को हिरासत में ले लिया है। ईरान में पिछले कुछ सालों में हजारों महिलाएं इस कानून का विरोध कर चुकी है।

ईरान में आधी से ज्यादा आबादी इस कानून के खिलाफ
ईरानी मीडिया के मुताबिक, पब्लिक सिक्योरिटी को खराब के कारण 29 महिलाओं को गिराफ्तार कर लिया गया है। ईरान में यह आंदोलन राजधानी तेहरान से लेकर एसफाहान और शिराज जैसे शहरों में चल रहा है। हालांकि, अभी तक यह तय नहीं हो पाया है कि जिन महिलाओं को हिरासत में लिया गया हैं, वे किस शहर से है। ईरान-अमेरिकन विशेषज्ञ होली डैगरस ने कहा कि ईरानी अधिकारियों को यह पता है कि आधी से ज्यादा आबादी देश में हिजाब कानून के विरोध में है।

सोशल मीडिया पर 'The girls of Revolution Street' कैंपेन
डैगरस का मानना है कि पुलिस जितना ज्यादा अपने बल का प्रयोग करेगी, यह आंदोलन उतना ही तेज होता जाएगा। बता दें कि बीते वर्ष दिसंबर में सरकार विरोधी आंदोलन में विदा मोहावेद को इसलिए गिरफ्तार कर लिया गया, क्योंकि उसने अपना हिजाब उतार दिया था। विदा पिछले रविवार को ही जेल से रिहा हुई है और अब ईरान की महिलाएं उसके सपोर्ट में खड़ी हो गई है। सोशल मीडिया पर "The girls of Revolution Street" नाम से कैंपेन चलाया जा रहा है, जिसमें महिलाएं अपना हिजाब उतारकर इस कानून का विरोध कर रही है।

ईरान में क्या है हिजाब कानून?
ईरानी धर्म गुरू और 1979 में ईरान रिवोल्यूशन के नेता अयातुल्लाह खुमैनी ने घोषणा करते हुए अपने देश में महिलाओं के लिए इस्लामिक ड्रेस कोड की घोषणा की थी। जिसके बाद हजारों की संख्या में तेहरान शहर में महिलाओं ने 'एंटी हिजाब' रैली निकालकर इसका विरोध किया था। 1983 में इसे कानून को पूरे देश में लागू कर दिया है, जिसके अंतर्गत कोई भी महिला बिना हिजाब के पब्लिक प्लेस में नहीं आ सकती।












Click it and Unblock the Notifications