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हेट स्पीच और सांप्रदायिक हिंसा पर विपक्षी दलों का PM पर हमला, कहा-मोदी की खामोशी से स्तब्ध हैं

नई दिल्ली, 16 अप्रैल: देश के कुछ हिस्सों में हेट स्पीच और सांप्रदायिक हिंसा की बढ़ती घटनाओं और इन मामलों में केंद्र सरकार की निष्क्रियता के खिलाफ शनिवार को तीन मुख्यमंत्रियों सहित राजनीतिक दलों के तेरह नेताओं ने एक संयुक्त अपील जारी करते हुए कहा कि भोजन, पहनावा, विश्वास, त्योहार और भाषा के नाम पर समाज का ध्रुवीकरण करने की कोशिश की जा रही है। साथ ही पीएम मोदी की खामोशी पर सवाल खड़े किए हैं।

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    सांप्रदायिक हिंसा की बढ़ती घटनाओं पर संयुक्त बयान जारी करने वाले नेताओं में सोनिया गांधी, शरद पवार, ममता बनर्जी, एमके स्टालिन, हेमंत सोरेन, तेजस्वी यादव शामिल हैं। विपक्षी दलों ने कहा है कि वे 'क्षुब्ध' हैं कि भोजन, आस्था जैसे मुद्दों का इस्तेमाल सत्ता प्रतिष्ठान की ओर से समाज का ध्रुवीकरण करने के लिए किया जा रहा है। इसके साथ-साथ विपक्षी पार्टियों ने हालिया सांप्रदायिक हिंसा की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि कट्टरता फैलाने और समाज को भड़काने वालों पर प्रधानमंत्री की चुप्पी को लेकर स्तब्ध हैं।

    बयान में कहा गया है कि, पीएम मोदी ऐसे नफरती माहौल को बढ़ावा देने वालों के खिलाफ एक भी शब्द बोलने में नाकाम रहे हैं। उनके बयान या कामों में ऐसा कुछ नहीं दिखाई दे रहा है, जिसमें ऐसे हिंसा फैलाने वाले लोगों या संगठनों की निंदा की गई हो। यह खामोशी गवाह है कि ऐसे निजी सशस्त्र संगठनों को सत्ता का संरक्षण प्राप्त है। इन दलों ने सामाजिक सौहार्द्र के लिए सामूहिक तौर पर काम करने का संकल्प दोहराया।

    विपक्षी दलों ने कहा कि, सत्ता प्रतिष्ठान के धड़े द्वारा जिस तरह से भोजन, पहनावे, आस्था, त्योहारों और से से जुड़े मुद्दों का जानबूझकर समाज का ध्रुवीकरण करने के लिए उपयोग किया जा रहा है, उससे हम बहुत क्षुब्ध हैं। इन नेताओं ने दावा किया कि हम घृणा भरे बोल की बढ़ती घटनाओं को लेकर बहुतचिंतित हैं। ऐसा लगता है कि इस तरह की जुबान बोलने वालों को आधिकारिक संरक्षण मिला हुआ है और इनके खिलाफ कोई सार्थक और कड़ी कार्रवाई नहीं होती है।

    संयुक्त बयान कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, राकांपा प्रमुख शरद पवार, पश्चिम बंगाल की सीएम और टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी, उनके तमिलनाडु समकक्ष और डीएमके प्रमुख एमके स्टालिन, झारखंड के मुख्यमंत्री और झामुमो प्रमुख हेमंत सोरेन, राजद प्रमुख तेजस्वी यादव और एनसीपी द्वारा जारी किया गया है। अन्य हस्ताक्षरकर्ताओं में सीपीएम महासचिव सीताराम येचुरी, उनके सीपीआई समकक्ष डी राजा, फॉरवर्ड ब्लॉक के देवव्रत विश्वास, आरएसपी के मनोज भट्टाचार्य, मुस्लिम लीग के पी के कुन्हालीकुट्टी और सीपीआई (एमएल) लिबरेशन के दीपांकर भट्टाचार्य शामिल हैं।

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