बीजेपी विधायक के बेटे को मिली चपरासी की नौकरी, कांग्रेस ने कहा- कुछ तो गड़बड़ है
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष सचिन पायलट ने इस चयन प्रक्रिया पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भाजपा नेता ने भर्ती प्रक्रिया को प्रभावित किया है।
नई दिल्ली। जिस चपरासी की नौकरी के इंटरव्यू में इंजीनियर, वकील और पोस्ट ग्रैजुएट कैंडिडेट सेलेक्ट होने में कामयाब नहीं हुए उसके लिए एक विधायक का दसवीं पास बेटा सेलेक्ट हो गया है। राजस्थान विधानसभा सचिवालय के लिए चतुर्थ श्रेणी के 18 चपरासियों की भर्ती निकली थी, जब इसका रिजल्ट आया तो सब हैरान रह गए। दरअसल इस लिस्ट में 12 नंबर पर रामकृष्ण मीणा का नाम था जो कि जामवा रामगढ़ से भाजपा विधायक जगदीश नारायण मीणा के बेटे हैं। यह नाम सामने आते ही कांग्रेस ने उनके चयन में भेदभाव का आरोप लगाना शुरू कर दिया है जबकि बीजेपी विधायक आरोपों को गलत ठहरा रहे हैं।

सचिन पायलट ने इस चयन प्रक्रिया पर सवाल उठाए है
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष सचिन पायलट ने इस चयन प्रक्रिया पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भाजपा नेता ने भर्ती प्रक्रिया को प्रभावित किया है। सचिन ने चयन प्रक्रिया की उच्च स्तरीय जांच करवाने की मांग भी की है। वहीं, भाजपा विधायक मीणा का इस पूरे मामले में कहना है कि चयन प्रक्रिया पारदर्शिता के साथ हुई है इसमें कोई भी गड़बड़ी नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि अगर मैं अपने बेटे की मदद करता तो क्या उसे चपरासी के पद पर नियुक्त करवाता। मेरे बेटे ने सामान्य प्रक्रिया की तरह ही इस जॉब के लिए आवेदन किया था उसने इंटरव्यू दिया और अब उसका चयन हुआ है।

खेती का काम करता है बीजेपी विधायक का बेटा
विधायक के बेटे रामकृष्ण ने बताया कि वह खेती करता था। पिता ने कहा कि विधानसभा में नौकरी कर ले तो मैंने अप्लाई कर दिया था और मेरा चयन हो गया। बता दें कि इस भर्ती के लिए 12,453 आवेदन आए थे, जिसमें 129 इंजीनियर, 23 वकील और 393 एम.ए. की पढ़ाई कर चुके लोग शामिल थे।

पहले भी आ चुके है ऐसे मामले
दरअसल ये पहली बार नहीं है कि सत्ताधारी दल के विधायक का बेटा उस सदन में चपरासी की नौकरी के लिये चुना गया हो जिस सदन के लिये उसके पिता को जनता ने चुना है। पिछले साल नेवाई के विधायक के बेटे का नाम भी इस लिस्ट में आया था। उस समय भी कई तरह के सवाल उठे थे। विधायकों को बेटों का चपरासी पद के लिए आवेदन और उनमें अपनाई जा रही चयन की प्रक्रिया कितनी सही ये तो जांच का विषय है।












Click it and Unblock the Notifications