Protests Against Amit Shah: प्रदर्शन, लाठीचार्ज, हिरासत...अंबेडकर पर शाह के बयान पर फूटा कांग्रेस का गुस्सा
Protests Against Amit Shah: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा संसद में बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर पर की गई टिप्पणी को लेकर बवाल मच गया है। छत्तीसगढ़ के रायपुर से लेकर उत्तर प्रदेश के लखनऊ तक कांग्रेस और बीएसपी दोनों ही इस मुद्दे पर विरोध प्रदर्शन कर रही हैं।
प्रदर्शन, लाठीचार्ज,पानी की बौछारें, हिरासत जैसी हलचल ने देश में अशांति का माहौल पैदा कर दिया है। आइए इस पूरे विवाद और उसके असर को समझते हैं...

रायपुर में कांग्रेस का मार्च और हिरासत
छत्तीसगढ़ में कांग्रेस ने अमित शाह के बयान के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। रायपुर के गांधी मैदान से सीएम हाउस की तरफ मार्च करते वक्त पुलिस ने कई कांग्रेस नेताओं को हिरासत में ले लिया। बाद में उन्हें रिहा कर दिया गया। युवा कांग्रेस के अध्यक्ष उदय भानु चिब ने कहा कि बाबा साहब का अपमान करने वाले गृह मंत्री को इस्तीफा देना चाहिए और पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए।
लखनऊ में बीएसपी का विरोध
उत्तर प्रदेश में बीएसपी ने लखनऊ और दिल्ली सहित कई जगह प्रदर्शन किया। बीएसपी प्रमुख मायावती ने गृह मंत्री के बयान को लेकर कहा कि बाबा साहब दलितों, वंचितों और शोषितों के लिए भगवान समान हैं। उन्होंने अमित शाह से सार्वजनिक रूप से माफी की मांग की। बीएसपी नेताओं ने राष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपने की भी योजना बनाई।
कांग्रेस का देशव्यापी विरोध
कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल ने ऐलान किया कि पूरे देश में जिला स्तर पर मार्च निकाले जाएंगे। इन प्रदर्शनों में बाबा साहब की तस्वीरें और अमित शाह के इस्तीफे की मांग वाली तख्तियां होंगी। कांग्रेस प्रवक्ता जयराम रमेश ने बताया कि अब तक इस मुद्दे पर 100 से ज्यादा प्रेस कॉन्फ्रेंस की जा चुकी हैं।
अमित शाह की टिप्पणी पर विवाद
इस पूरे विवाद की जड़ 17 दिसंबर को संसद में अमित शाह द्वारा दिया गया भाषण है। अमित शाह ने कहा था कि आजकल अंबेडकर का नाम लेना एक फैशन बन गया है। अगर भगवान का इतना नाम लिया जाता तो स्वर्ग मिल जाता। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि डॉ. अंबेडकर ने नेहरू कैबिनेट से इस्तीफा क्यों दिया था। शाह ने उनके विचारों को लेकर भी कांग्रेस पर निशाना साधा।
अहमदाबाद में अंबेडकर की प्रतिमा तोड़ी गई, FIR दर्ज
बीते दिन 24 दिसंबर को, अहमदाबाद में तड़के अज्ञात लोगों ने डॉ. बीआर अंबेडकर की प्रतिमा को तोड़ दिया, जिसके बाद विरोध प्रदर्शन हुआ। इस संबंध में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और अधिकारी अपराधियों की पहचान करने के लिए आस-पास के इलाकों में लगे सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रहे हैं।
राहुल को अचानक क्यों याद आए अंबेडकर?
विशेषज्ञों का मानना है कि राहुल गांधी और प्रियंका गांधी अंबेडकर का नाम लेकर दलित वोट बैंक को साधने की कोशिश कर रहे हैं। यूपी जैसे राज्यों में चुनावी जमीन तैयार करने के लिए अंबेडकर को केंद्र में लाने की यह योजना मानी जा रही है।
FAQs में समझें पूरा मसला...
सवाल: अमित शाह ने अंबेडकर पर क्या कहा था?
जवाब: अमित शाह ने संसद में कहा कि अंबेडकर का नाम लेना फैशन बन गया है। उन्होंने नेहरू कैबिनेट से अंबेडकर के इस्तीफे का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा।
सवाल: कांग्रेस और बीएसपी का प्रदर्शन क्यों हो रहा है?
जवाब: कांग्रेस और बीएसपी अमित शाह की टिप्पणी को अंबेडकर का अपमान मानते हुए उनके इस्तीफे और माफी की मांग कर रहे हैं।
सवाल: क्या यह विवाद चुनाव से जुड़ा है?
जवाब: विशेषज्ञ मानते हैं कि यह विवाद दलित वोट बैंक को साधने की कोशिश हो सकता है, खासकर यूपी जैसे राज्यों में।
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