'भाजपा अब मोदी एंड शाह गुजरात प्रा.लि. पार्टी'

Amit Shah
लखनऊ। नरेंद्र मोदी के सबसे करीबी व भारतीय जनता पार्टी के नवनिर्वाचित अध्यक्ष अमित शाह के पाटी प्रमुख चुने जाने के बाद देश भर से प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। राष्ट्रीय निषाद संघ के राष्ट्रीय सचिव चौ. लौटन राम निषाद ने गुरुवार को कहा कि भाजपा अब मोदी एंड शाह गुजरात प्रा.लि. पार्टी बन गई है। उन्होंने कहा कि अमित शाह के ऊपर 'बिल्ली के भाग्य से छीका टूटा' वाली कहावत लागू होती है।

निषाद ने कहा कि उत्तर प्रदेश में भाजपा के 71 सीट जीतने का श्रेय अमित शाह को दिया जाना निर्मूल है, क्योंकि कांग्रेस शासन के भ्रष्टाचार व महंगाई से ऊबी जनता विकल्प के रूप में भाजपा के साथ ध्रुवीकृत हुई न कि अमित शाह के चुनावी रणनीति से। भाजपा को उत्तर प्रदेश में जीत यदि अमित शाह के प्रबंधन व रणनीति से मिली तो मध्य प्रदेश, बिहार, झारखंड, राजस्थान, दिल्ली आदि राज्यों में पार्टी किस आधार पर जीती? निषाद ने कहा कि हकीकत में पिछड़ों, अतिपिछड़ों व दलित वर्गों के ध्रुवीकरण का फायदा भाजपा को मिला।

पिछड़ों को मोदी ने किया दरकिनार

निषाद ने आरोप लगाया कि पिछड़ा बनकर पिछड़ों का वोट हथियाने वाले नरेंद्र मोदी पिछड़ों को दर किनार करने वाले नेता हैं। उन्होंने गुजरात का मुख्यमंत्री रहते किसी भी पिछड़े को कैबिनेट मंत्री नहीं बनाया और वर्तमान में भी आनंदीबेन पटेल के मंत्रिमंडल में किसी पिछड़े को स्थान ही नहीं दिया गया है। भाजपा व आरएसएस मोदी की झूठी जाति बताकर अतिपिछड़ों को भ्रमित कर वोट हथियाने में सफल रहे, लेकिन मंडल विरोधी भाजपा से पिछड़ों को सामाजिक न्याय नहीं मिलने वाला है।

निषाद ने मोदी सहित भाजपा के पिछड़े वर्ग के बड़े नेताओं कल्याण सिंह, उमा भारती व शिवराज सिंह चौहान पर निशाना साधते हुए कहा कि ये सभी मंडल कमीशन का प्रबल विरोध करते हुए राम मंदिर निर्माण के नाम पर कमंडल की राजनीति में आगे रहे। ये पिछड़े नेता पिछड़ा बनकर राजनीतिक लाभ तो लेते हैं लेकिन पिछड़ों को ही सामाजिक अन्याय का शिकार बनाते रहे।

इनपुट- इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+