PAN Card Rules Changed: बदल गया पैन कार्ड बनवाने का नियम, अब 4 नए फॉर्म से होगा आवेदन, आपके लिए कौन सा है?
PAN Card Rules Changed: अगर आप नया पैन कार्ड (PAN Card) बनवाने की सोच रहे हैं या पुराने कार्ड में सुधार करवाना चाहते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद महत्वपूर्ण है। भारत सरकार के आयकर विभाग ने 1 अप्रैल 2026 से पैन कार्ड की पूरी आवेदन प्रक्रिया को बदल दिया है।
दशकों से चले आ रहे पुराने सिस्टम को खत्म करते हुए अब चार विशेष फॉर्म Form 93, 94, 95 और 96 लागू कर दिए गए हैं। इस बड़े बदलाव का मुख्य उद्देश्य आवेदन प्रक्रिया को सरल बनाना, डेटा की शुद्धता सुनिश्चित करना और टैक्सपेयर्स की श्रेणियों को स्पष्ट करना है। नई व्यवस्था में अब भारतीयों और विदेशी नागरिकों के लिए अलग-अलग फॉर्म भरने होंगे, जिससे अनावश्यक जानकारी देने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

पुराने फॉर्म 49A और 49AA हुए इतिहास
अब तक पैन कार्ड बनवाने के लिए भारतीय नागरिकों को 'Form 49A' और विदेशी नागरिकों को 'Form 49AA' भरना होता था। लेकिन नई अधिसूचना के तहत इन दोनों ही पुराने फॉर्म को पूरी तरह हटा दिया गया है। 1 अप्रैल 2026 से किसी भी ताजा आवेदन के लिए पुराने फॉर्म स्वीकार नहीं किए जाएंगे।
किसके लिए कौन सा नया फॉर्म?
नए सिस्टम के तहत सरकार ने आवेदकों को चार मुख्य श्रेणियों में बांट दिया है, ताकि फॉर्म भरने में कोई भ्रम न रहे:
| फॉर्म नंबर | किसके लिए लागू है? | |
|---|---|---|
| 1 | फॉर्म 93 (Form 93) | भारत के व्यक्तिगत नागरिक और हिंदू अविभाजित परिवार (HUF) के लिए। |
| 2 | फॉर्म 94 (Form 94) | भारत में पंजीकृत कंपनियों, संस्थाओं और ट्रस्ट के लिए। |
| 3 | फॉर्म 95 (Form 95) | विदेशी नागरिकों (Individuals) के लिए। |
| 4 | फॉर्म 96 (Form 96) | विदेश में बनी कंपनियों और संस्थाओं के लिए। |
आवेदन में हुए कौन से महत्वपूर्ण बदलाव
नए फॉर्म केवल दिखने में अलग नहीं हैं, बल्कि उनके अंदर की जानकारी और प्रक्रिया में भी बड़े बदलाव किए गए हैं:
- आधार कार्ड से मिलान: अब आपका नाम बिल्कुल वैसा ही होना चाहिए जैसा आधार कार्ड पर दर्ज है। इसमें कोई भी अंतर होने पर आवेदन अटक सकता है।
- मां का नाम अनिवार्य: आवेदन में अब मां का नाम लिखना जरूरी कर दिया गया है।
- संपर्क जानकारी: मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी देना अब अनिवार्य है ताकि आवेदन की स्थिति को ट्रैक करना आसान हो सके।
- बड़ा फोटो साइज: पहचान और वेरिफिकेशन को बेहतर बनाने के लिए फोटो का साइज बढ़ा दिया गया है।
- रेजिडेंशियल स्टेटस: आवेदकों को अब स्पष्ट करना होगा कि वे रेजिडेंट (Resident), नॉन-रेजिडेंट (Non-Resident), या RNOR कैटेगरी में आते हैं।
- अतिरिक्त दस्तावेज: अब केवल आधार से काम नहीं चलेगा; जन्म तिथि (DOB) प्रमाणित करने के लिए जन्म प्रमाण पत्र, पासपोर्ट या वोटर आईडी जैसे दस्तावेज भी देने होंगे।
NRI और विदेशी नागरिकों के लिए सख्त नियम
जो भारतीय नागरिक विदेश में रह रहे हैं (NRI) या विदेशी कंपनियां भारत में पैन के लिए आवेदन कर रही हैं, उन्हें अब अपने देश का टैक्स पहचान नंबर (TIN) और पासपोर्ट की जानकारी देना अनिवार्य कर दिया गया है। यह अंतरराष्ट्रीय पारदर्शिता बढ़ाने के लिए किया गया है।
PAN में सुधार के लिए भी आए नए 'CR' फॉर्म
अगर आपके मौजूदा पैन कार्ड में नाम, जन्म तिथि या पते में कोई गलती है, तो उसे सुधारने के लिए भी अब पुराने फॉर्म के बजाय दो नए फॉर्म का उपयोग करना होगा:
- PAN CR-01: यह फॉर्म केवल व्यक्तिगत नागरिकों के लिए है।
- PAN CR-02: यह कंपनियों और अन्य संस्थाओं के सुधार आवेदनों के लिए है।
यह पूरी प्रक्रिया डिजिटल इंडिया मिशन को मजबूती देने और कर प्रणाली को और अधिक पारदर्शी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है। सरकार का मानना है कि इस विभाजन से आवेदन खारिज होने की दर में भारी कमी आएगी।
With AI Inputs












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