Jammu Kashmir: भारत जो खो चुका है उसे कश्मीर अब वापस लेगा: अमित शाह
Jammu Kashmir: कश्मीर क्षेत्र को लंबे समय से भारत की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान का अहम हिस्सा माना जाता रहा है। हाल ही में एक कार्यक्रम में इस संबंध को उजागर किया गया, जिसमें 'जम्मू और लद्दाख: युग-ए और संबंध' पुस्तक पर ध्यान केंद्रित किया गया।
यह पुस्तक क्षेत्र की समृद्ध विरासत और इतिहास पर प्रकाश डालती है, तथा राष्ट्र की आत्मा के लिए इसके महत्व पर जोर देती है।

कार्यक्रम के दौरान अनुच्छेद 370 के बारे में एक वक्तव्य दिया गया, जिसे 5 अगस्त, 2019 को निरस्त कर दिया गया था। यह कदम कश्मीर के लिए स्वतंत्रता के बाद के इतिहास में एक महत्वपूर्ण क्षण था। वक्ता ने कहा कि 'अनुच्छेद 370 एक कृत्रिम प्रावधान था जो कश्मीर के भारत में जैविक एकीकरण में बाधा डालता था।'
अनुच्छेद 370 और उसका प्रभाव
अनुच्छेद 370 को निरस्त करने को कश्मीर के इतिहास में पिछले मुद्दों को सुधारने की दिशा में एक कदम के रूप में देखा जा रहा है। इसका उद्देश्य इस क्षेत्र को भारत में पूरी तरह से एकीकृत करना था, जिससे स्वतंत्रता के बाद से मौजूद बाधाओं को दूर किया जा सके। वक्ता ने इस बात पर जोर दिया कि कश्मीर की दीर्घकालिक स्थिरता और विकास के लिए यह बदलाव आवश्यक था।
हाल के वर्षों में कश्मीर में हिंसा को कम करने में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। उदाहरण के लिए, 2024 से पत्थरबाजी की घटनाओं में नाटकीय रूप से कमी आई है। इसके अलावा, गांवों, तहसीलों और जिलों में विभिन्न स्तरों पर 25,000 से अधिक सदस्यों की भागीदारी के साथ स्थानीय शासन को मजबूत किया गया है।
कश्मीर का ऐतिहासिक महत्व
तंवर की यह किताब कश्मीर के व्यापक इतिहास की पड़ताल करती है, जो 3,000 साल से भी ज़्यादा पुराना है। इसमें क्षेत्र के मंदिरों और राजवंशों पर प्रकाश डाला गया है, जिसमें सिंह जैसे शासकों की वीरता भी शामिल है। इस किताब में 1947 के बाद के घटनाक्रम और कश्मीर की विरासत को संरक्षित करने के प्रयासों को भी शामिल किया गया है।
-
Asha Bhosle: कौन होगा आशा भोसले का उत्तराधिकारी? किसको मिलने वाली है अरबों की संपत्ति, दो नाम रेस में सबसे आगे -
Vrindavan: 'अब बोट वापस ले चलो', नाविक की एक गलती और छिन गईं 10 जिंदगियां, सामने आई हादसे की असली वजह -
Iran Vs America: शांति वार्ता में 'लात-घूंसे', तुर्किए मीडिया का दावा, क्यों भिड़े ईरानी मंत्री- ट्रंप के दूत -
MI vs RCB: विराट कोहली ने मुंबई में रच दिया इतिहास, दुनिया में पहली बार हुआ अनोखा कारनामा -
Asha Bhosle Last Post: 'मैं विलीन हो जाऊंगी', निधन से पहले ही आशा ताई ने लिख दिया था 'आखिरी सच' -
MI vs RCB: वानखेड़े में पसरा सन्नाटा, रोहित शर्मा लाइव मैच से बैटिंग छोड़ गए, आखिर क्या है कारण -
Asha Bhosle Net Worth: आशा भोसले कितनी छोड़ गईं प्रॉपर्टी? सिगिंग के अलावा कहां से करती थींं करोड़ों की कमाई -
Bihar Next CM: इन 5 नेताओं में से ही कोई एक बनेगा बिहार का नया मुख्यमंत्री! कौन हैं ये और क्या है इनकी जाति? -
Asha Bhosle Last Wish: अधूरी रह गई आशा भोसले की अंतिम इच्छा, पॉडकास्ट में बताया था क्या थी स्पेशल ख्वाहिश -
'मैं आखिरी जिंदा मुगल हूं', मंगेशकर परिवार में जन्मीं आशा भोसले ने कब और क्यों कही थी ये बात? -
Asha Bhosle का 92 साल की उम्र में हुआ निधन, मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में दिग्गज सिंगर ने ली आखिरी सांस -
Asha Bhosle: 'बेइंतहा खूबसूरत', कौन हैं जनाई भोसले? क्रिकेटर सिराज से उड़ी थीं अफेयर की खबरें












Click it and Unblock the Notifications