10 दिन के अंदर DRDO को चौथी बड़ी कामयाबी, अर्जुन टैंक से ATG मिसाइल का सफल परीक्षण
नई दिल्ली: चीन और पाकिस्तान के साथ भारत का विवाद लंबे वक्त से जारी है। जिस वजह से अब भारत खुद को हथियारों के मामले में आत्मनिर्भर बना रहा है। इस बीच DRDO ने गुरुवार को नई सफलता हासिल की, जहां एक एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल का सफल परीक्षण हुआ। 10 दिनों के अंदर DRDO का ये चौथा बड़ा और सफल परीक्षण है।

अर्जुन टैंक से दागी मिसाइल
डीआरडीओ की ओर से मिली जानकारी के मुताबिक गुरुवार को उन्होंने लेजर गाइडेड एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल का सफल परीक्षण किया। जिसने लंबी दूरी पर स्थित अपने लक्ष्य को भेद दिया। आज का ये परीक्षण MBT अर्जुन टैंक से अहमदनगर स्थित केके रेंज से किया गया। इससे पहले 22 सितंबर को DRDO ने अर्जुन टैंक से ही इसी मिसाइल का परीक्षण किया था। उस दिन भी मिसाइल ने अपने लक्ष्य पर भेद दिया था।
24 घंटे पहले ब्रह्मोस का परीक्षण
इससे पहले बुधवार को भारत ने ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल का सफल परीक्षण किया था। इस मिसाइल की रेंज को बढ़ाया गया है और अब यह 400 किलोमीटर तक की रेंज में अपने टारगेट्स को भेद सकती है। भारत ने इस मिसाइल का परीक्षण डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट ऑर्गनाइजेशन (डीआरडीओ) के पीजे-10 प्रोजेक्ट के तहत किया है। बुधवार को हुए परीक्षण के दौरान मिसाइल को स्वदेशी बूस्टर के साथ लॉन्च किया गया। इस सफल लॉन्च के साथ ही भारत की स्वदेशी तकनीक को भी बढ़ावा मिला है।
Recommended Video

स्वदेशी लड़ाकू ड्रोन का भी ट्रायल सफल
10 दिन पहले डीआरडीओ के हाथ एक बड़ी सफलता लगी थी, जहां ओडिशा के बालासोर में स्वदेशी लड़ाकू ड्रोन 'अभ्यास' का सफलापूर्वक ट्रायल हुआ। ट्रायल के दौरान डीआरडीओ के वैज्ञानिक लगातार इसे रडार और इलेक्ट्रो ऑप्टिक सिस्टम से ट्रैक कर रहे थे। जिसके बाद ये स्वदेशी ड्रोन सभी पैरामीटर्स पर खरा उतरा। ये परीक्षण इंटीग्रेटेड टेस्ट रीजन (आईटीआर) से किया गया। इस ड्रोन का इस्तेमाल मिसाइल या फिर विमानों का पता लगाने के लिए भी किया जाता है। साथ ही ये ऑटोपायलट की मदद से अपने टारगेट को आसानी से भेद सकता है।












Click it and Unblock the Notifications