बिहार: चमकी बुखार से मरने वाले बच्चों की संख्या बढकर हुई124, 24 घंटों में और 7 मासूमों की मौत
नई दिल्ली। बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) लगातार बच्चों की मौतें हो रही हैं। इस बीमारी के मरने वाले बच्चों का आंकड़ा 124 पहुंच गया है। मुजफ्फरपुर के सिविल सर्जन डॉ शैलेश प्रसाद ने गुरुवार देर शाम बताया कि पिछले 24 घंटे के दौरान श्रीकृष्ण मेडिकल कालेज अस्पताल और केजरीवाल अस्पताल में चमकी बुखार से सात अन्य बच्चों की मौत के साथ उनके जिले में मरने वाले बच्चों की संख्या अब 121 हो गयी है।

डॉ शैलेश प्रसाद ने बताया कि, जिले में अबतक इस रोग से ग्रसित कुल 562 बच्चे भर्ती कराए गए है, जिनमें से स्वास्थ्य लाभ लेने के बाद 219 बच्चों को अस्पताल से छुट्टी दी जा चुकी है। श्रीकृष्ण मेडिकल कालेज अस्पताल में गुरुवार तक 101 और निजी केजरीवाल अस्पताल में 20 बच्चों की मौत हो चुकी है। इसके अलावा मंगलवार को पूर्वी चंपारण जिले में एक बच्चे की और गत 16 जून को पटना मेडिकल कालेज अस्पताल में एक बच्चे तथा गत 13 जून को समस्तीपुर जिले के विभूतिपुर में एक बच्चे की मौत हो गयी थी।
बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के अलावा अब एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) की जद में राज्य के अन्य जिलों भी आ गए हैं। इन जिलों में अब तक दो दर्जन से अधिक मौत के मामले सामने आए हैं। स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, पटना, भागलपुर, बांका, सीतामढ़ी, समस्तीपुर, पूर्वी चंपारण और पश्चिम चंपारण से बच्चों की मौतों की सूचना है। वहीं केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन द्वारा भेजी गई विशेषज्ञ चिकित्सकों की एक टीम बुधवार रात एसकेएमसीएच पहुंची।
सरकार की ओर से सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में दस अतिरिक्त एंबुलेंसों को तैनात किया गया है। इसके अलावा 16 नोडल अधिकारियों को प्रभावित ब्लॉकों में निजी स्वास्थ्य केंद्र में तैनात किया गया है। वहीं कई टीवी समाचार रिपोर्टरों के नियमों का उल्लंघन करने व आईसीयू में प्रवेश करने के मद्देनजर एसकेएमसीएच की सुरक्षा बढ़ा दी गई है।












Click it and Unblock the Notifications