अरुण जेटली का राहुल गांधी पर निशाना, कहा- रक्षा सौदागर बनने की चाहत रखने वाला आज प्रधानमंत्री बनना चाहता है
नई दिल्ली। वित्त मंत्री अरुण जेटली ने राहुल गांधी पर आरोप लगाया है कि यूपीए सरकार के दौरान उनके बिजनेस पार्टनर को डिफेंस ऑफसेट का कॉन्ट्रैक्ट मिला था। अरुण जेटली ने कहा कि ये एक ऐसे शख्स की कहानी है जो रक्षा सौदों को आगे बढ़ाने वाला बनना चाहता था और अब देश का पीएम बनना चाहता है। यह एक गंभीर आरोप है।

अरुण जेटली ने कहा कि कांग्रेस ने आरोपों का जवाब नहीं दिया
इसके अलावा अरुण जेटली ने आगे कहा हालांकि उलरिक मैकनाइट (राहुल गांधी के बिजनेस पार्टनर) एक अमेरिकी नागरिक हैं लेकिन साथ ही वह राहुल जी की सोशल गैंग के सदस्य भी हैं। शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए अरुण जेटली ने कहा कि पहले भी इस तरह के आरोप लगे लेकिन कांग्रेस ने आरोपों का जवाब नहीं दिया। उन्होंने कहा कि चुप रहने का अधिकार किसी क्रिमिनल केस में मुलजिम को होता है लेकिन राजनेताओं को ये अधिकार उपलब्ध नहीं है।
2002 में बनी कंपनी के डायरेक्टर थे राहुल गांधी
अरुण जेटली ने कहा कि 28 मई 2002 को भारत में एक कंपनी बनती है बैकऑप्स प्राइवेट लिमिटेड, जिसके डायरेक्टर राहुल गांधी और प्रियंका गांधी बनते हैं। जेटली ने कहा कि इसके ठीक एक साल बाद 21 अगस्त 2003 में ब्रिटेन में भी इसी नाम से एक कंपनी बनती है, उसके डायरेक्टर राहुल गांधी और एक अमेरिकी नागरिक बनते हैं। इस कंपनी में राहुल गांधी हिस्सेदारी 65 प्रतिशत और अमेरिकी नागरिक की 35 फीसदी है। अरुण जेटली ने कहा कि यह कंपनी एक तरह से लाइजनिंग करने वाली कंपनी है।

पीएम ने भी साधा निशाना
बता दें कि अरुण जेटली से पहले पीएम नरेंद्र मोदी ने भी राहुल गांधी पर निशाना साधा। पीएम ने कहा कि आपके पिताजी को आपके राज दरबारियों ने मिस्टर क्लीन बना दिया था। लेकिन देखते ही देखते भ्रष्टाचारी नबंर वन के रूप में उनका जीवनकाल समाप्त हो गया। पीएम ने आगे कहा कि नामदार यह अहंकार आपको खा जाएगा। क्योंकि ये देश गलतियों को तो माफ कर देता है, लेकिन धोखेबाजी को कभी माफ नहीं करता है।












Click it and Unblock the Notifications