सीडी, सिम कार्ड या पैसे..आखिर क्या वजह है अन्ना-केजरीवाल के तकरार की

नई दिल्ली। आज से दो साल पहले भारत में एक बहुत बड़ा जनआंदोलन हुआ था जिसकी आवाज केवल भारत के ही नहीं बल्कि दुनिया के लोगों के कानों तक पहुंची। अपने आप में एक अनोखा और बहुत बड़ा गैरराजनीतिक आंदोलन के मुखिया जरूर अन्ना हजारे थे लेकिन उनकी परछाईं बनकर उनके अर्जुन अरविंद केजरीवाल ने भी आंदोलन को सफल बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी थी, जिसके बाद केजरीवाल देश के युवाओं के नायक बन गये थे।

लेकिन आज वहीं गुरू और चेले की जोड़ी में क्यों तनाव आ गया है? कभी सीडी, सिम कार्ड या पैसे को लेकर दोनों के बीच की तकरार सामने आ रही है। लेकिन सोचने वाली बात आखिर यह है कि दोनों के बीच के झगड़े का कारण क्या सिर्फ सीडी, सिम कार्ड या पैसे हैं?

जिस तरह से दोनों लोगों के झगड़े सामने आये हैं उसे देखकर तो लगता नहीं कि दोनों के बीच में यही कारण हैं मतभेद हैं? लेकिन अगर दूसरा कारण हैं तो फिर वह दूसरा कारण क्या है? राजनीतिक पंडितों की बहस को माने तो दोनों के बीच के झगड़े की वजह पैसा नहीं बल्कि ईगो की दिक्कत है। खैर कारण जो भी हो.. लेकिन सच तो यही है कि आज अन्ना -केजरीवाल दोस्ती की वजह से नहीं बल्कि दुश्मनी की वजह से लोगों के बीच में चर्चा का कारण है जिसका नुकसान अन्ना को नहीं बल्कि केजरीवाल को दिल्ली चुनावों में उठाना पड़ सकता है।

गौरतलब है कि सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे और आम आदमी पार्टी (आप) के नेता अरविंद केजरीवाल मंगलवार को 'इंडिया अगेंस्ट करप्शन (आईएसी) आंदोलन' के दौरान एकत्र धन को लेकर आमने-सामने आ गए।

हजारे ने सवाल उठाते हुए यह साफ किया है कि उन्हें अरविंद की निष्ठा पर कहीं से भी संदेह नहीं है। सामाजिक कार्यकर्ता से नेता बने केजरीवाल ने कहा है कि यदि यह साबित हो जाता है कि उन्होंने आईएसी आंदोलन के दौरान एकत्र धन का इस्तेमाल अपनी पार्टी के लिए किया है तो वे चुनाव मैदान से हट जाएंगे।

महाराष्ट्र स्थित अपने गांव रालेगन सिद्धी में मीडिया से बातचीत करते हुए हजारे ने आरोप-प्रत्यारोप को ध्यान में रखते हुए कहा, "मैंने कभी नहीं कहा कि अरविंद भ्रष्ट है या मेरे नाम पर चंदा उगाही कर रहा है।" हजारे ने कहा, "मुझे कुछ शंका है, इसीलिए मैंने उसे पत्र लिखा। यह पत्र निजी तौर पर लिखा गया था और उसने (केजरीवाल) सार्वजनिक किया।"

नई दिल्ली के रामलीला मैदान में 12 दिनों तक चले अपने आमरण अनशन की ओर इशारा करते हुए हजारे ने कहा, "मुझे बताया गया था कि इंडिया अगेंस्ट करप्शन आंदोलन के दौरान मेरे नाम पर सिम कार्ड जारी किए गए थे, जिनकी बिक्री से धन जुटाए गए।" हजारे ने कहा कि किसी ने सिम कार्डो को लेकर अदालत में अर्जी दायर की है।

इधर नई दिल्ली में केजरीवाल ने कहा, "आईएसी के दौरान एकत्र धन का कई बार आडिट किया गया। मैं फिर से जांच के लिए तैयार हूं लेकिन अब यह जनता के समक्ष होना चाहिए।"उन्होंने कहा कि यदि वह दोषी पाए गए तो चुनाव नहीं लड़ेंगे। केजरीवाल नई दिल्ली विधानसभा क्षेत्र से मुख्यमंत्री शीला दीक्षित के खिलाफ मैदान में हैं।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+