जुब्बल कोटखाई विधानसभा: यहां जीतने वाली पार्टी ही हिमाचल में बनाती है सरकार
शिमला। पिछले दिनों कोटखाई गैंगरेप मर्डर केस में चले लंबे अंदोलन के दौरान सुर्खियों में रहा हिमाचल प्रदेश का जुब्बल कोटखाई ऐसा चुनाव क्षेत्र है जहां के लोगों ने हमेशा सत्ता सुख भोगा है। यहां से जो भी विधायक चुना गया उसकी सरकार प्रदेश में बनी है। शिमला जिला की सेब बैल्ट का ये अहम चुनाव क्षेत्र संपन्न लोगों का है। इसी चुनाव क्षेत्र ने प्रदेश को तीन बार मुख्यमंत्री दिए। भले ही इस दौरान प्रदेश में सरकारें बदल गई हों लेकिन जुब्बल कोटखाई के लोग सत्ता में ही रहे। यानि प्रदेश में जिसकी सरकार उसका विधायक यहां चुना गया।

जुब्बल कोटखाई की जनता ने कभी भी विपक्ष में बैठने के लिए जनादेश नहीं दिया। यहां तक कि 1977 में प्रदेश में जनता पार्टी की सरकार बनी लेकिन जेएंडके की किस्मत ऐसी थी कि तीन साल बाद बिना चुनाव हुए ही जुब्बल कोटखाई न सिर्फ सत्ता में बैठ गया बल्कि उसके विधायक ठाकुर रामलाल सीएम बन गए। 1990 में भी एक वक्त ऐसा आया कि जुब्बल ने कोटखाई से दो बार मुख्यमंत्री रहे ठाकुर रामलाल कांग्रेस से अलग होकर जनता दल से चुनाव लड़े। जनता दल बहुत ही कम सीटों पर लड़ रहा था तो प्रदेश में तय था कि कांग्रेस या भाजपा की सरकार बनेगी। लेकिन यहां से लड़ रहे ठाकुर रामलाल ने न सिर्फ वीरभद्र को चुनाव में पहली बार हराया बल्कि भाजपा के सत्ता में आने पर उसमें शामिल हो गए। उस समय केंद्र में वीपी सिंह की जनता दल सरकार में भाजपा सहयोगी थी। जब प्रदेश में शांता कुमार की सरकार बनी तो जनता दल उनके साथ हो गया।
जुब्बल कोटखाई विधानसभा क्षेत्र में सत्ता का साथ दिए जाने की परंपरा 1952 से चली आ रही है। प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री डा यशवंत सिंह परमार के कार्यकाल से लेकर आज तक यह विधानसभा क्षेत्र विपक्ष में नहीं रहा है। 1952 से लेकर 2012 तक के विधानसभा चुनाव में यह क्षेत्र सिर्फ एक बार ही विपक्ष में रहा। शेष इस क्षेत्र की जनता ने यहां से सत्ता का साथ दिया है।
सत्ता में आज तक बैठे जुब्बल कोटखाई के विधायक
1952 बाला नंद, कांग्रेस
1963 राम लाल, कांग्रेस
1972 रामलाल, कांग्रेस
1977 भाजपा की सरकार
1980 राम लाल, कांग्रेस
1985 वीरभद्र सिंह, कांग्रेस
1990 रामलाल (जनता दल)
1993 रामलाल, कांग्रेस
1998 रामलाल, भाजपा
2003 रोहित ठाकुर, कांग्रेस
2007 नरेंद्र बरागटा, भाजपा
2012 रोहित ठाकुर, कांग्रेस












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