शहीद तिलक राज की अंत्येष्टि में शामिल हुए सीएम जयराम ठाकुर, हजारों ने दी आखिरी सलामी

Himachal Pradesh news, कांगड़ा। पुलवामा में आतंकी हमले में शहीद हुए हिमाचल के जवान तिलक राज की अंत्येष्टि सैंकड़ों लोगों की मौजूदगी में राजकीय सम्मान के साथ की गई। इस अवसर पर हिमाचल के सीएम जयराम ठाकुर, केंद्रीय मंत्री जगत प्रकाश नड्डा, सांसद शांता कुमार व कबीना मंत्री किशन कपूर मौजूद रहे। उनके पार्थिव शरीर को उनके गांव में लाया गया। पहले शव को नुरपूर में रात को रखा गया था। जैसे ही यहां काफिले में उनकी देह को लाया गया, सैंकड़ों की तादाद में लोग शहीद के घर जुट गए। गमगीन पूरा परिवार रोता-बिलखता लगा, शहीद की पत्नी सावित्री देवी, मां विमला देवी और पिता लायक राम बेसुध हो गए।

अंतिम संस्कार में मौजूद रहे सीएम

अंतिम संस्कार में मौजूद रहे सीएम

उसके बाद गांव के श्मशान घाट पर लाया गया और अंतिम संस्कार किया गया। अंतिम यात्रा पर जब तिलक राज को ले जाया जा रहा था तो पूरे रास्ते में पाकिस्तान मुर्दाबाद, इंडियन आर्मी जिंदाबाद, तिलक राज अमर रहे के नारे लग रहे थे। शहीद के भाई बलदेव सिंह ने मुखाग्ननि दी। हिमाचल सरकार शहीद तिलक राज के परिजनों को आर्थिक सहायता के तौर पर बीस लाख रुपये देगी। राज्य सरकार की ओर से खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री किशन कपूर ने सरकार की तरफ से तुरंत सहायता के तौर पर पांच लाख रुपये का चेक शहीद के पिता को सौंप दिया है।

एचएएस अधिकारी एसोशिएसन देंगे एक दिन का वेतन

एचएएस अधिकारी एसोशिएसन देंगे एक दिन का वेतन

वहीं प्रदेश प्रशासनिक सेवा के अधिकारी भी अपना एक दिन का वेतन पुलवामा में मारे गये शहीदों के परिजनों को देंगे। प्रदेश एचएएस ऑफिसर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष मनमोहन शर्मा ने कहा कि एसोसिएशन के सभी अधिकारियों ने एक दिन का वेतन शहीदों के परिवारों को सहायता के तौर पर देने का निर्णय लिया है। एसोसिएशन हिमाचल सरकार के माध्यम से यह मदद शहीदों के परिवारों तक पहुंचाएगी। वर्ष 1988 में जन्मे तिलक राज अपने पीछे माता बिमला देवी व पिता लायक राम, पत्नी सावित्री तथा दो बेटे 2 वर्षीय वरुण कपूर व 22 दिन पहले पैदा हुये विवान कपूर को छोड़ गए हैं।

'तिलक राज की कमी हमेशा खलेगी'

'तिलक राज की कमी हमेशा खलेगी'

शहीद तिलक राज अपने पांच भाई-बहनों में सबसे छोटे थे। वह छुट्टी बिताकर 11 फरवरी को दोबारा अपनी ड्यूटी पर गए थे। ग्रामीणों ने कहा कि शहीद तिलक हंसमुख और मिलनसार थे। वे जब भी घर पर छुट्टी पर आते थे तो हर बुजुर्ग व बच्चों का कुशलक्षेम पूछते थे। पंचायत की प्रधान कमलेश कुमारी ने कहा कि शहीद तिलक राज की कमी हमेशा खलेगी।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+