संस्कृत भाषा में पुरस्कार जीतने वालों का अब हरियाणा की बसों में नहीं लगेगा किराया, मुफ्त कर सकेंगे यात्रा
चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने संस्कृत भाषा में विभिन्न पुरस्कार प्राप्त करने वाले विद्वानों को बसों में नि:शुल्क यात्रा कराने की छूट दे दी है। सरकार के निर्णय के अनुसार, संस्कृत भाषा में पुरस्कार जीतने वाले लोग अब हरियाणा रोडवेज की बसों में नि:शुल्क यात्रा कर सकेंगे। हरियाणा संस्कृत अकादमी के निदेशक डॉ. दिनेश शास्त्री ने इस बारे में जानकारी दी। दिनेश ने बताया कि, ऐसा करके सरकार संस्कृत के विद्वानों को प्रोत्साहित करना चाहती है। हमारी सबसे प्राचीन भाषा को बढ़ावा देते हेतु यह एक अच्छी पहल की गई है।

हरियाणा संस्कृत अकादमी निदेशक डॉ. दिनेश शास्त्री ने यह भी बताया कि, प्रदेश के सरकारी संस्कृत कॉलेजों, संस्कृत बोर्ड के गठन के अलावा संस्कृत विश्वविद्यालय की स्थापना की गई है। उन्होंने कहा कि, प्रदेश के संस्कृत महाविद्यालयों व गुरुकुलों में अध्यापन का कार्य करने वाले संस्कृत के उत्कृष्ट आचार्यों व गुरुकुल संचालकों के लिए हरियाणा संस्कृत अकादमी के माध्यम से गुरु विरजानंद आचार्य सम्मान, विद्यामार्तण्ड पं. सीताराम शास्त्री सम्मान, पं. युधिष्ठिर मिमांसक आचार्य सम्मान, स्वामी धर्मदेव संस्कृत समाराधक सम्मान देना शुरू किया गया है।

इधर, बोर्ड ने कम किया पाठ्यक्रम
यह खबर 10वीं और 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों के लिए है। दरअसल, हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड ने 10वीं और 12वीं का सिलेबस 30% तक कम कर दिया है। इस बारे में बोर्ड अध्यक्ष डॉ. जगबीर सिंह ने बताया कि, शैक्षिक सत्र 2021-22 के लिए 10वीं और 12वीं कक्षा का पाठ्यक्रम 30 प्रतिशत कम करने का निर्णय लिया गया है। नया पाठ्यक्रम बोर्ड की वेबसाइट www.bseh.org.in पर उपलब्ध है। अधिकारी ने बताया कि बीते साल की तरह इस साल भी पाठ्यक्रम कम करने का फैसला लिया गया। अब एग्जाम के लिए प्रश्नपत्र 30% कम पाठ्यक्रम के अनुसार तैयार किए जाएंगे। पिछले वर्ष सीबीएसई बोर्ड की तर्ज पर पाठ्यक्रम 30 फीसदी कम किया गया था।












Click it and Unblock the Notifications