गुजरात में लगातार बारिश से जनजीवन प्रभावित, सौराष्ट्र में फसलों को भारी नुकसान
Gujarat Rainfall News: गुजरात में में पिछले एक सप्ताह से भारी बारिश हो रही है। गुजरात राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा उपलब्ध कराए गए आंकड़ों के मुताबिक सौराष्ट्र क्षेत्र में अब तक औसत के मुकाबले 73.57% बारिश हुई है। ज्ञात हो कि सौराष्ट्र में दस जिले हैं, उनमें से 3 जिले हैं। इनमे जूनागढ़, पोरबंदर और देवभूमि द्वारका में सबसे ज्यादा बारिश हुई है।
कहां कितनी हुई बारिश
मिली जानकारी के मुताबिक देवभूमि द्वारका में औसत बारिश के मुकाबले 141.80% , द्वारका जिले में भनवाद तालुक में 95.42%, द्वारका तालुक में 237.66%, कल्याणपुर तालुक में 140.43% बारिश और खंभालिया तालुक में 121.02% बारिश हुई है, जबकि दूसरी सबसे ज्यादा बारिश पोरबंदर जिले में देखने को मिली है। पोरबंदर जिले के कुटियाना तालुका में 94.69%,पोरबंदर तालुका में 152.53% और राणावाव तालुका में 119.71% बारिश हुई है ।

इस सूची में जूनागढ़ तीसरा जिला है जहां भारी बारिश से सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। भेसन तालुका में 86.92% बारिश, केशोद तालुका में 116.56% बारिश, मालिया हटिना में 103.91% बारिश, मांगरोल में 157.28% बारिश, मेंदारा में 124.25% बारिश, वंथली में 140.12% बारिश और विसावदर में 124.24% बारिश हुई। जूनागढ़ जिले में औसत बारिश के मुकाबले 119.87% बारिश हुई हैं ।
प्रभावितों ने बताया हाल, खेत बर्बाद किसान चिंतित
बारिश प्रभावित गांवों के किसानों ने हालत पर चिंता व्यक्त की है। ग्राम रावल के किसान बलदेव वरोटारिया ने कहा कि वरतु और सोरथी बांधों से जल निकासी का उचित प्रबंधन न होने के कारण रावल और आसपास के गांवों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं और एक साथ 10 गेट खोलने से हमारे खेत भी बह गए हैं।

गोराणा गांव के सरपंच जयराज सिंह ने बताया कि हमारे क्षेत्र में भारी बारिश हुई है। 40 साल में पहली बार बारिश हुई है। हमारे गांव के कई किसानों को अत्यधिक बारिश के कारण फसल बर्बाद हो जाएगी। हमारे गांव में नदी तट पर कुछ घर भी क्षतिग्रस्त हो गए हैं। जयेशभाई के हमारे गांव का घर बाढ़ में नष्ट हो गया है।

वहीं स्थानीय किसान नेता पाल अम्बालिया ने कहा कि भारी बारिश के कारण कल्याणपुर तालुका के कई गांवों के किसानों को असहनीय नुकसान हुआ है, और सरकार को उचित और शीघ्र सर्वेक्षण करना चाहिए और किसानों को एक विशेष राहत पैकेज आवंटित करना चाहिए।
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