उपराष्ट्रपति चुनाव जीतने वाले वेंकैया नायडू के बारे में जानिए सबकुछ
जब मीडिया ने वेंकैया के नाम पर कयास लगाने शुरू किए तो लगा कि हर बार की तरह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी फिर से चौंकाएंगे, लेकिन कयास सही साबित हुए।
नई दिल्ली। एम. वेंकैया नायडू उपराष्ट्रपति चुनाव जीत गए हैं। राष्ट्रपति चुनाव में अपने उम्मीदवार रामनाथ कोविंद की जीत सुनिश्चित करने के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने उपराष्ट्रपति पद के लिए वेंकैया नायडू को चुनाव मैदान में उतारा। पीएम मोदी का ये दांव कामयाब रहा और वेंकैया नायडू ने जीत दर्ज की है। जानिए उनकी खूबियां...

दक्षिण की राजनीति में दिखा प्रभाव
उपराष्ट्रपति चुनाव की तारीखों के ऐलान के साथ ही यह तो स्पष्ट था कि भाजपा दक्षिण की राजनीति में अपना दबदबा मजबूत करने के लिए वहीं के किसी चेहरे पर दांव लगाएगी। उत्तर भारत में भगवा लहराने के बाद भाजपा की निगाहें दक्षिण पर टिकी थी। वेंकैया नायडू आंध्र प्रदेश से हैं और दक्षिण की राजनीति में काफी चर्चित चेहरे हैं। ऐसे में भाजपा ने काफी सोच-समझकर उन्हें चुनाव मैदान में उतारा और इसका उन्हें फायदा मिला।
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इस वर्ग को भी लुभाने की थी कोशिश
राष्ट्रपति चुनाव में भाजपा ने दलित उम्मीदवार रामनाथ कोविंद को मैदान में उतारा। इसके बाद वेंकैया नायडू को उपराष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार बनाया और वो अब जीत भी गए हैं। वेंकैया आंध्र प्रदेश की कम्मा जाति से हैं जोकि ओबीसी के तहत आती है। वेंकैया नायडू से पहले हुकुमदेव नारायण यादव का नाम भी चर्चा में आया था। यानी कहीं ना कहीं भाजपा दलितों और पिछड़ी जातियों में अपना प्रभाव मजबूत कर रही है। अब उपराष्ट्रपति चुनाव में वेंकैया नायडू की जीत का असर राजनीति में दिखेगा।

निर्विवाद छवि और भरोसेमंद
वेंकैया नायडू लंबे समय से भाजपा और आरएसएस के पसंदीदा नेता रहे हैं। छात्र नेता से भाजपा अध्यक्ष और कैबिनेट मंत्री तक का सफर तय करने वाले वेंकैया की छवि एक गैर-विवादित नेता की रही है। पार्टी में कई बड़े पदों की जिम्मेदारी संभाल चुके वेंकैया को संकटमोचक के तौर पर भी जाना जाता है। संसदीय कार्य मंत्री रहते हुए उन्होंने कई बार बड़े मुद्दों पर पार्टी की तरफ से संसद में मोर्चा संभाला है।

अनुभवी और तेजतर्रार नेता
वेंकैया नायडू की गिनती भाजपा के वरिष्ठ और अनुभवी नेताओं में की जाती है। उनके पास संगठन से लेकर सरकार में काम करने का अच्छा खासा अनुभव है। हाल ही में राष्ट्रपति चुनाव में उम्मीदवार चुनने के मुद्दे पर एनडीए के घटक दलों से बात करने के लिए बनी तीन सदस्यों की कमेटी में भी वेंकैया को रखा गया था। उपराष्ट्रपति पद के लिए भाजपा ऐसे ही किसी अनुभवी व्यक्ति को चुनना चाहती थी। वेंकैया नायडू ने चुनाव में जीत दर्ज कर ली है।












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