'इतने अहंकारी हो गए कि उन्हें लगता है देश को खरीद सकते हैं', भाजपा पर मतदाताओं को प्रभावित पर भड़के केजरीवाल
Delhi Assembly Elections 2025: आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भारतीय जनता पार्टी पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि आगामी दिल्ली विधानसभा चुनावों से पहले भ्रष्ट तरीकों से मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है। केजरीवाल ने कहा कि भाजपा मतदाताओं को पैसे और कीमती सामान का लालच देकर उनके वोट खरीदने का प्रयास कर रही है।
भ्रष्टाचार की हदें पार कर रही है भाजपा
केजरीवाल ने आरोप लगाया कि भाजपा ने प्रत्येक मतदाता को 10,000 रुपए तक बांटने का वादा किया। लेकिन जमीनी स्तर पर सिर्फ 1,000 रुपए ही लोगों तक पहुंचे। शेष राशि कथित तौर पर पार्टी के नेताओं द्वारा हड़प ली गई।

उन्होंने दिल्ली के नागरिकों से इस तरह के भ्रष्टाचार का विरोध करने और मतदान के अधिकार की पवित्रता बनाए रखने की अपील की। केजरीवाल ने भावुक होकर कहा कि आपका वोट कीमती है। यह हीरे के बराबर है। इसे बेचने वालों के खिलाफ खड़े हो जाइए। उन्होंने भाजपा को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि उनकी पार्टी का मिशन देश में साफ और पारदर्शी राजनीति स्थापित करना है।
सोने की चेन और सार्वजनिक संसाधनों के दुरुपयोग के आरोप
केजरीवाल ने दावा किया कि भाजपा ने मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए सोने की चेन बांटी और जनता के पैसे का दुरुपयोग किया। उन्होंने इन गतिविधियों को देशद्रोह करार देते हुए कहा कि जो लोग लोकतंत्र को कमजोर करने का प्रयास कर रहे हैं। वे देश के गद्दार हैं।
चुनाव आयोग ने जांच के आदेश दिए
अरविंद केजरीवाल के आरोपों के बाद चुनाव आयोग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दिल्ली के मुख्य चुनाव अधिकारी को भाजपा के प्रवेश वर्मा के खिलाफ शिकायत की जांच का निर्देश दिया। आयोग ने कहा कि आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के मामलों में तत्काल कदम उठाए जाने चाहिए। वर्मा पर चुनाव प्रचार के दौरान स्वास्थ्य शिविर और नौकरी मेले आयोजित करने का भी आरोप है। जो चुनावी दिशा-निर्देशों का उल्लंघन कर सकते हैं।
चुनाव प्रक्रिया पर सवाल और केजरीवाल का कड़ा रुख
केजरीवाल ने दिल्ली के लोगों से अपील की है कि वे भाजपा के इन अनैतिक हथकंडों के खिलाफ खड़े हों और ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ मतदान करें। उन्होंने कहा कि हमारा मिशन केवल चुनाव जीतना नहीं। बल्कि भारत की राजनीति को बदलना है।
राजनीतिक माहौल और निष्पक्षता की परीक्षा
दिल्ली विधानसभा चुनाव के नजदीक आते ही ये आरोप लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भ्रष्टाचार और नैतिकता की अहमियत को उजागर करते हैं। केजरीवाल के आरोप और चुनाव आयोग की जांच यह साबित करेगी कि चुनावी ईमानदारी और पारदर्शिता को बनाए रखना कितना चुनौतीपूर्ण है।












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