Delhi Election Result: दिल्ली में ऐसे ही नहीं खिला कमल, टीम मोदी के इस मास्टर स्ट्रोक ने दिलाई प्रचंड जीत
Delhi Election Result: दिल्ली विधानसभा चुनाव में भाजपा ने दो बार की सत्ता पर काबिज आम आदमी पार्टी को बाहर का रास्ता दिखाते हुए 27 साल बाद प्रचंड वापसी की है। इसी के साथ एक बार फिर बीजेपी ने साफ कर दिया कि राजनीति में उसका वर्चस्व कायम है। दिल्ली चुनाव में भाजपा ने कमाल की रणनीति को अपनाया और पूरा गेम पलट दिया। इस बार बीजेपी ने अपना काम शोर गुल के बजाए शांति से निपटाया।
BJP के पास थी वोट शेयर बढ़ाने की चुनौती
दिल्ली 1998 से ही भाजपा के लिए बहुत दूर थी। 2014 के बाद जब बीजेपी की लहर चली उसमें भी दिल्ली सपना बन कर रह गई। अमित शाह द्वारा चलाए गए चुनावी समर के बाद भी विधानसभा चुनाव में केजरीवाल के नेतृत्व वाली आम आदमी पार्टी ने लगातार दूसरी बार शानदार जीत दर्ज की।

हालांकि, लोकसभा चुनाव में दिल्ली के करीब 55 प्रतिशत वोटर्स ने भाजपा को चुना था। लेकिन जब विधानसभा चुनाव की बात आई तो 15 प्रतिशत से अधिक लोग AAP की ओर चले गए। बीजेपी के पास अपने वोट शेयर को बढ़ाने की चुनौती थी। इसे पूरा करने के लिए भारतीय जनता पार्टी के बड़े-छोटे नेताओं ने साइलेंट प्रचार किया।
भाजपा के साइलेंट प्रचार ने पलट दी पूरी बाजी
इस बार Delhi election में एक ओर आप और कांग्रेस ने अपने रणनीति को कागज पर ही रखा वहीं, दूसरी ओर भाजपा ने जमीनी स्तर पर अपने रणनीति को निभाया। भाजपा कार्यकर्ता सड़क पर आएं, डोर-टू-डोर कैम्पेंनिंग की बूथों पर तैनात रहे और AAP की कमियों को गिनाया।
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BJP ने बड़े और लुभावने मुद्दे को किनारे रखा। इस बार नेताओं ने सड़कों की दयनीय स्थिति, खुले और सड़ते कूड़े के ढेर, अटकी और खुली सीवरेज सुविधाएं, स्वच्छ पेयजल की कमी, यमुना में गंदगी, प्रदूषण जैसे स्थानीय मुद्दे को उजागर करना शुरू कर दिया। भाजपा ने लोगों को बताया कि कैसे MCD आप के साथ मिली हुई है। एक तरफ भाजपा के बडे़ नेता केजरीवाल को भ्रष्टाचार और शीशमहल जैसे मुद्दे से लगातार घेर रहे थे, वहीं पार्टी के कार्यकर्ता साइलेंट प्रचार में लगे थे। जिसका नतीजा ये हुआ कि धीरे-धीरे माहौल इसके पक्ष में बनने लगा।












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