बड़ी खबर: इस बैंक के खाताधारक नहीं निकाल पाएंगे 5000 से ज्यादा रुपए, RBI ने लिया एक्शन
भारतीय रिजर्व बैंक ने सहकारी क्षेत्र के एक बैंक पर बड़ा एक्शन लेते हुए उसके ऊपर कई तरह के प्रतिबंध लागू कर दिए हैं।
मुंबई, 9 नवंबर: भारतीय रिजर्व बैंक ने सोमवार को सहकारी क्षेत्र के एक बैंक पर बड़ा एक्शन लेते हुए उसके ऊपर कई तरह के प्रतिबंध लागू कर दिए। प्रतिबंधों में ग्राहकों के लिए बैंक से रुपए निकालने की सीमा भी तय कर दी गई है और अब कोई भी खाताधारक अपने किसी भी तरह के खाते से 5000 रुपए से ज्यादा की रकम नहीं निकाल पाएगा। आरबीआई ने इस बैंक के ऊपर यह एक्शन करदाताओं की वित्तीय हालत में गिरावट को देखते हुए लिया है और ये प्रतिबंध अगले 6 महीने तक जारी रहेंगे।

8 नवंबर से लेकर 6 महीने तक लागू रहेंगे प्रतिबंध
आरबीआई ने सोमवार को एक बयान जारी करते हुए कहा कि बैंकिंग रेगुलेशन एक्ट 1949 के तहत, महाराष्ट्र के 'बाबाजी दाते महिला सहकारी बैंक, यवतमाल' पर 8 नवंबर 2021 से अगले 6 महीने तक ये प्रतिबंध लागू रहेंगे और इस दौरान हालात की समीक्षा की जाएगी। बयान में कहा गया है कि 6 महीनों तक भारतीय रिजर्व बैंक की बिना पूर्व और लिखित अनुमति के 'बाबाजी दाते महिला सहकारी बैंक' किसी भी तरह का लोन जारी या रिन्यू नहीं कर पाएगा।

प्रतिबंधों में और क्या क्या शामिल है?
आरबीआई के बयान के मुताबिक, 'बाबाजी दाते महिला सहकारी बैंक' बिना मंजूरी लिए किसी भी पेमेंट का भुगतान या भुगतान करने की सहमति नहीं दे सकता। इसके साथ ही बैंक किसी भी समझौते में शामिल नहीं होगा और अपनी किसी संपत्ति को बेच या ट्रांसफर नहीं कर पाएगा। आरबीआई ने इसके अलावा किसी भी तरह के निवेश या दायित्व के लेने पर भी इस बैंक के ऊपर रोक लगा दी है।

जमा रकम से लोन को समायोजित कराने की इजाजत
भारतीय रिजर्व बैंक ने सोमवार को कहा, 'बाबाजी दाते महिला सहकारी बैंक' की मौजूदा लिक्विडिटी स्थिति को ध्यान में रखते हुए सभी बचत खातों, चालू खातों या ग्राहकों के किसी भी अन्य खाते में जमा कुल राशि में से 5000 रुपये से ज्यादा रकम निकालने की अनुमति नहीं होगी। हालांकि, कुछ शर्तों के साथ बैंक में जमा रकम से लोन को समायोजित कराने की इजाजत दी गई है।'

'प्रतिबंधों का मतलब बैंकिंग लाइसेंस रद्द करना नहीं'
इसके साथ ही आरबीआई ने यह भी स्पष्ट किया है कि 'बाबाजी दाते महिला सहकारी बैंक' को जो भी दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं, उन्हें उसके बैंकिंग लाइसेंस रद्द करने के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। बयान के मुताबिक, 'बाबाजी दाते महिला सहकारी बैंक' अपने वित्तीय हालात में सुधार होने तक इन प्रतिबंधों के साथ अपना बैंकिंग सिस्टम जारी रखेगा और आगे आने वाली परिस्थितियों के आधार पर आरबीआई इन प्रतिबंधों में बदलाव पर विचार कर सकता है।

इस सहकारी बैंक पर फिर बढ़ाए गए प्रतिबंध
इसके अलावा, भारतीय रिजर्व बैंक ने अलग से एक और बयान जारी करते हुए कर्नाटक में दावणगेरे के मिलथ को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर लगाए गए प्रतिबंधों को अगले तीन महीने यानी 7 फरवरी 2022 तक के लिए बढ़ा दिया है। कर्नाटक के इस सहकारी बैंक पर 26 अप्रैल 2019 को प्रतिबंध लगाए गए थे, जिन्हें इसके बाद कई बार संशोधित किया गया। इससे पहले इस बैंक पर ये प्रतिबंध 7 नवंबर तक के लिए बढ़ाए गए थे।
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