Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

Dog Babu, Bluetooth और अब Sonalika Tractor, बिहार की सरकारी फाइलों में हकीकत से ज़्यादा मज़ाक!

Dog Babu,Sonalika Tractor Residence Certificate: बिहार की सरकारी कार्यप्रणाली एक बार फिर हास्य और हैरानी का केंद्र बन गई है। कभी 'Dog Babu' का प्रमाण पत्र, तो कभी 'Bluetooth' जैसे अजीब नामों पर सरकारी मोहर लग रही है।

अब मोतिहारी में 'सोनालिका ट्रैक्टर' के नाम पर आवास प्रमाण पत्र के लिए आनेदन, जिसमें फोटो भोजपुरी अभिनेत्री मोनालिसा की! यह घटनाएं न केवल सरकारी तंत्र की लापरवाही को उजागर करती हैं, बल्कि डिजिटल प्रक्रिया की सतही निगरानी और स्थानीय स्तर पर भ्रष्टाचार की जड़ें भी सामने लाती हैं।

Dog Babu to Sonalika Tractor

प्रमाण पत्र मनोरंजन या व्यंग्य का विषय: बिहार में डिजिटल प्रमाणपत्र प्रणाली की पोल खुलती जा रही है। एक के बाद एक ऐसे मामले सामने आ रहे हैं जो यह सवाल खड़े कर रहे हैं कि क्या अब आवास प्रमाण पत्र मनोरंजन या व्यंग्य का विषय बन चुका है?

ताजा मामला मोतिहारी जिले के कोटवा प्रखंड से सामने आया है, जहां एक फर्जी आवेदन में आवेदक का नाम 'सोनालिका ट्रैक्टर', पिता का नाम 'स्वराज ट्रैक्टर' और माता का नाम 'कार देवी' लिखा गया है। आवेदन में फोटो लगाई गई है मशहूर भोजपुरी अभिनेत्री मोनालिसा की।

कोटवा थाना में मामला दर्ज: यह अजीबो-गरीब प्रमाण पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसके बाद स्थानीय अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू की। पुष्टि होते ही संबंधित आवेदनकर्ता पर कोटवा थाना में मामला दर्ज कर लिया गया।

पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे कारनामे: पटना (मसौढ़ी) में 'डॉग बाबू' के नाम से बना था आवास प्रमाण पत्र, जिसमें एक कुत्ते की तस्वीर और नाम के साथ वैध दस्तावेज जारी कर दिया गया था। सीवान में 'ब्लूटूथ कुमार' और 'वाट्सऐप देवी' के नाम से भी आवेदन सामने आए थे। कई जिलों में आधार कार्ड की जगह मॉडल्स या फिल्म स्टार्स की फोटो लगाकर प्रमाण पत्र जारी किए गए।

सवाल उठता है गड़बड़ी कहां?:
ऑनलाइन सिस्टम का दुरुपयोग: आम आदमी के लिए ऑनलाइन प्रक्रिया भले आसान बनी हो, लेकिन साइबर कैफे और दलालों द्वारा इसका दुरुपयोग तेजी से बढ़ा है।

डिजिटल लापरवाही: अधिकारी बिना विवरण जांचे ही प्रमाण पत्र जारी कर रहे हैं। फोटोज़ और नामों की सत्यता की जांच बेमानी बन गई है।

मानव संसाधन की कमी: ग्राम पंचायत स्तर पर काम का बोझ इतना है कि प्रमाण पत्र सत्यापन केवल औपचारिकता भर रह गया है।

मज़ाक बनती सरकारी प्रक्रिया: सरकार ने पारदर्शिता और गति लाने के लिए डिजिटलीकरण की राह पकड़ी थी, लेकिन यह प्रक्रिया अब भ्रष्टाचार, लापरवाही और जनता के बीच अविश्वास का कारण बनती जा रही है। जब "सोनालिका ट्रैक्टर" के नाम पर प्रमाण पत्र जारी हो जाए और फोटो मोनालिसा की हो, तो न केवल प्रक्रिया बल्कि गवर्नेंस का भरोसा भी खतरे में पड़ जाता है।

सरकारी तंत्र की कार्यशैली जब हास्य का कारण बनने लगे, तो सुधार की जरूरत नहीं, तुरंत सख्त कार्रवाई की दरकार होती है। ज़रूरत है आधार कार्ड, फोटो, नाम और स्थानीयता की कड़ी जांच प्रक्रिया लागू करने की ताकि 'Dog Babu', 'Bluetooth', या 'Tractor जी' जैसे नामों पर जारी प्रमाण पत्र दोबारा बिहार की साख न बिगाड़ें।

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+