MP News: मध्य प्रदेश में LPG संकट, गैस नहीं मिलने से ठंडी पड़ी रसोई, होटल-ढाबे बंद होने की कगार पर
मध्य प्रदेश में एलपीजी गैस का गंभीर संकट सामने आ गया है। घरेलू रसोई से लेकर होटल-ढाबों तक चूल्हे ठंडे पड़ने लगे हैं। एक ओर घरेलू गैस सिलेंडर के लिए आम लोग घंटों लाइन में खड़े हैं, तो दूसरी ओर कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई लगभग बंद होने से होटल-रेस्टोरेंट और ढाबे बंद होने की कगार पर पहुंच गए हैं।
इस संकट की बड़ी वजह अंतरराष्ट्रीय हालात को माना जा रहा है। Strait of Hormuz में तनाव और समुद्री मार्ग प्रभावित होने से भारत के एलपीजी आयात पर असर पड़ा है। भारत अपनी एलपीजी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है, ऐसे में सप्लाई चेन पर दबाव बढ़ गया है।

प्रदेश के कई शहरों-भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर और उज्जैन-से गैस की किल्लत और आम लोगों की परेशानी की खबरें सामने आ रही हैं।
राजधानी भोपाल में सबसे ज्यादा परेशानी
राजधानी भोपाल में गैस संकट ने लोगों की रसोई पर सीधा असर डाला है। जहांगीराबाद, बोगदा पुल, कोहेफिजा, टीटी नगर और शिवाजी नगर जैसे इलाकों में सिलेंडर की डिलीवरी में देरी हो रही है।
जहांगीराबाद की निवासी शीबा खान बताती हैं कि 13 मार्च को मोबाइल पर गैस डिलीवरी का मैसेज आया था, लेकिन तीन दिन बाद भी सिलेंडर नहीं पहुंचा। उन्होंने बताया कि मजबूरी में रिश्तेदारों के यहां खाना बनाना पड़ रहा है और बच्चों को भी परेशानी हो रही है।
इसी तरह बोगदा पुल निवासी मोहम्मद रियाज ने गैस नहीं मिलने पर इंडक्शन चूल्हा खरीद लिया। उनका कहना है कि तीन दिन तक घर में गैस नहीं थी, इसलिए बिजली से खाना बनाना पड़ रहा है। शहर में इंडक्शन चूल्हों की मांग अचानक बढ़ गई है और दुकानदारों के अनुसार बिक्री में लगभग 70-80 प्रतिशत तक उछाल आया है।
एजेंसियों के बाहर लंबी कतारें
गैस एजेंसियों के बाहर सुबह से ही लोगों की लंबी लाइनें लग रही हैं। कई जगह ऑनलाइन बुकिंग सिस्टम भी दबाव के कारण धीमा या क्रैश हो रहा है। लोगों का कहना है कि पहले जहां सिलेंडर 2-3 दिन में मिल जाता था, अब 5-7 दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है। इसके अलावा नए नियम के अनुसार अब सिलेंडर की अगली बुकिंग 25 दिन बाद ही संभव है, जिससे परेशानी और बढ़ गई है।
कमर्शियल सिलेंडर संकट से होटल-ढाबे संकट में
कमर्शियल गैस सिलेंडर की सप्लाई लगभग ठप होने से होटल और ढाबों पर सबसे ज्यादा असर पड़ा है। प्रदेश में 19 किलो वाले सिलेंडर की सप्लाई पिछले कई दिनों से प्रभावित बताई जा रही है। ऑयल कंपनियों-Indian Oil Corporation, Bharat Petroleum और Hindustan Petroleum-के अनुसार उपलब्ध सीमित स्टॉक को प्राथमिकता के आधार पर अस्पताल, रेलवे, सेना और अन्य आपात सेवाओं के लिए सुरक्षित रखा गया है।
भोपाल होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष तेजकुल पाल सिंह पाली का कहना है कि राजधानी में करीब 1500 से अधिक होटल और रेस्टोरेंट हैं, जहां रोजाना हजारों कमर्शियल सिलेंडर की जरूरत होती है। जिनके पास थोड़ा स्टॉक है, वे कुछ दिन काम चला रहे हैं, लेकिन अगर सप्लाई जल्द शुरू नहीं हुई तो कई होटल बंद हो सकते हैं।
कई छोटे ढाबों और चाय-नाश्ते की दुकानों ने लकड़ी या कोयले के चूल्हे का सहारा लेना शुरू कर दिया है, लेकिन यह तरीका महंगा और असुविधाजनक है।
अन्य शहरों में भी बढ़ी परेशानी
सिर्फ भोपाल ही नहीं, बल्कि इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर और उज्जैन में भी कमर्शियल गैस की किल्लत की शिकायतें सामने आ रही हैं। व्यापारी संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सप्लाई बहाल नहीं हुई तो हजारों लोगों की रोजी-रोटी प्रभावित हो सकती है।
सरकार का दावा: घरेलू गैस की कमी नहीं
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश में घरेलू एलपीजी का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है। उनके अनुसार पैनिक बुकिंग और अफवाहों के कारण वितरण प्रणाली पर दबाव बढ़ गया है।
सरकार ने कालाबाजारी रोकने के लिए सख्ती बढ़ा दी है। हाल ही में भोपाल में एक बंद गोदाम से सैकड़ों सिलेंडर जब्त किए गए। जिला कलेक्टरों को भी स्टॉक की निगरानी और अवैध बिक्री पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
आम आदमी और छोटे कारोबार पर असर
एलपीजी संकट का असर सबसे ज्यादा आम लोगों और छोटे कारोबारियों पर दिखाई दे रहा है।
- कई घरों में खाना पकाने में मुश्किल
- महिलाएं और बच्चे सबसे ज्यादा प्रभावित
- चाय-नाश्ता और छोटे ढाबों की कमाई ठप
- ब्लैक मार्केट में सिलेंडर की कीमत कई गुना तक बढ़ी
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय सप्लाई चेन जल्द सामान्य नहीं हुई तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।
संकट सिर्फ गैस का नहीं, रोजी-रोटी का
एलपीजी की यह किल्लत अब सिर्फ रसोई तक सीमित नहीं रही। यह लाखों परिवारों की रोजी-रोटी और छोटे कारोबार की अर्थव्यवस्था को प्रभावित करने लगी है। लोग अब इंडक्शन और वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों की ओर बढ़ रहे हैं, लेकिन यह अस्थायी समाधान ही है। अगर वैश्विक हालात जल्द नहीं सुधरे, तो आने वाले दिनों में गैस संकट और गहरा सकता है।
-
LPG New Rules: बदल जाएगा आपका गैस कनेक्शन? PNG से इनकार किया तो क्या कट जाएगी LPG सप्लाई, समझें क्या है नियम -
LPG Crisis: क्या गैस संकट बिगाड़ेगा चार धाम यात्रा का प्लान? संकट के बीच कहां से आएंगे इतने लाख सिलेंडर? -
Petrol Panic in Bhopal: क्या सच में खत्म हो रहा पेट्रोल-डीजल? भोपाल में लगी लंबी कतारें—जानिए हकीकत क्या है -
LPG Crisis India: रसोई गैस की किल्लत होगी खत्म! कई साल बाद भारत ने ईरान से खरीदा एलपीजी, कब पहुंचेगा भारत? -
क्या सच में खत्म हो रहा Petrol-डीजल? भरवाने से पहले जरूर जान लें सच्चाई, वरना हो सकता है बड़ा नुकसान! -
MP Board 5th-8th Result 2026: आपका रिजल्ट कैसा रहा? 95% तक पासिंग, QR कोड से तुरंत चेक करें पूरा रिजल्ट -
क्या आपने देखा पण्डोखर धाम का ये अनोखा फैसला? 2–22 अप्रैल मेले में सब कुछ FREE, जानिए कैसे मिलेगा फायदा -
MP News: क्या अब मिलेगा संविदा कर्मचारियों को पूरा हक? सरकार सख्त—ग्रेच्युटी, अनुकम्पा नियुक्ति पर मांगा जवाब -
Sonia Gandhi अस्पताल में भर्ती, आखिर क्या हुई समस्या और कैसी है अब तबीयत? -
Bhopal Accident: भोपाल में देर रात क्या हुआ? बैरसिया रोड पर भीषण टक्कर में 3 युवकों की मौत, जानिए पूरा हादसा -
क्या हाईवे पर हर बार देना पड़ता है ‘एंट्री चार्ज’? जबलपुर में RTO रिश्वतखोरी का बड़ा खुलासा, जानिए पूरा मामला -
MP Board 8th Result 2026: एमपी बोर्ड ने जारी किया 8वीं का रिजल्ट, डायरेक्ट लिंक से ऐसे चेक करें स्कोरकार्ड












Click it and Unblock the Notifications