लोकसभा में काले धन मामले पर बोले आडवाणी व मनीष तिवारी

भारतीय जनता पार्टी द्वारा काला धन पर पेश किए गए स्थगन प्रस्ताव पर सरकार ने चर्चा करनी शुरू की। कालाधन मामले पर बहस की शुरुआत इस मामले पर स्थगन प्रस्ताव लाने वाले लाल कृष्ण आडवाणी ने की। उन्होंने सरकार से काला धन देश में वापस लाने की मांग करते हुए कहा कि सरकार इस मामले पर कोई स्पष्ट रवैया नहीं अपना रही है। उन्होंने कहा कि विदेशी बैंकों में 25 लाख करोड़ रुपया जमा है। आडवाणी ने कहा कि सरकार को काला धन वापस लाकर इसे गांवों के विकास में इस्तेमाल करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा पास होने वाले सालाना बजट से भी ज्यादा काला धन विदेशों में जमा है। अगर सरकार इस काले धन को वापस ले आती है तो इससे लगभग लाख गावों का विकास हो सकता है।
कांग्रेस प्रवक्ता और लुधियाना से सांसद मनीष तिवारी ने काला धन मामले पर सरकार का पक्ष रखा। मनीष तिवारी ने कहा कि सरकार विदेशों में जमा काले धन का पता लगा रही है। उन्होंने कहा कि फ्रांस ने 70 लोगों के नाम की सूची सरकार को मुहैया कराई थी। मनीष तिवारी ने कहा कि यूपीए सरकार की वजह से काला धन नहीं बढ़ा है। सरकार ने काला धन विदेशों से वापस लाने के लिए पहल की है। काला धन मामले पर सरकार की स्थिति स्पष्ट करते हुए मनीष तिवारी ने कहा कि विदेशों में जो काला धन जमा है वह यूपीए शासन में नहीं हुआ है। पढ़ें आगे












Click it and Unblock the Notifications