टीम अन्ना और सरकार के बीच फिर होगी जंग

Team Anna
नई दिल्ली। ऐतिहासिक रामलीला मैदान से सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे का जंग तो खत्म हो गया पर इस लड़ाई में हार का स्वाद चख चुकी सरकार अभी जंग को खत्म करने के मूड़ में नहीं है। क्योंकि इस बार सरकार ने अन्ना टीम के सदस्यों के खिलाफ सख्त मोर्चा खोल दिया है जिसमें टीम अन्ना के दो और सदस्यों प्रशांत भूषण और अरविंद केजरीवाल को जेल हो सकती है।

वैसे टीम अन्ना के सदस्य भी चुप बैठने वालों में से नहीं है। टीम अन्ना के सदस्य प्रशांत भूषण ने भी नोटिस मिलने के बाद सरकार पर हमला बोल दिया है और कहा है कि सांसदों को मिलने वाले संसदीय विशेषाधिकार की अवधारणा की समीक्षा की जरूरत है।

प्रशांत भूषण ने कहा, आम नागरिक की हैसियत से उन्होंने सांसदों के बारे में अपनी भावना का इजहार किया है। यह उनका मौलिक अधिकार है, इसलिए उसको लेकर उन्हें कोई पछतावा नहीं है। यदि आम लोगों के हितों के लिए सही बात कहना विशेषाधिकार हनन के दायरे में आता है, तो फिर अब इस अवधारणा की समीक्षा की जरूरत है।

आपको बता दें कि प्रशांत भूषण से पहले टीम अन्ना की सदस्य किरण बेदी व अन्ना के समर्थक अभिनेता ओमपुरी को भी विशेषाधिकार हनन का नोटिस मिल चुका है। किरण बेदी ने कहा था कि वह नेताओं के खिलाफ टिप्पणी पर माफी नहीं मांगेंगी, उनका इरादा सांसदों के आचरण पर सदन को बड़ा आईना दिखाने का है।

सूत्रों का कहना है कि प्रशांत भूषण को सरकार द्वारा नोटिस दिए जाने के बाद सरकार और टीम अन्ना के बीच तलवार खिंचना लगभग तय है। कयास लगाया जा रहा है कि टीम अन्ना एक बार फिर सरकार के खिलाफ नई रणनीति तैयार कर रही है। क्योंकि अन्ना की टीम का मानना है कि सांसद अपने विशेषाधिकारों का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं।

आपको बता दें कि अन्ना हजारे के जनलोकपाल बिल के मुद्दे पर संसद के भीतर बहस के दौरान जदयू सांसद शरद यादव औऱ लालू प्रसाद यादव समेत कई सांसदों द्वारा खुलेआम टीम अन्ना और लोगों का मजाक बनाया गया था जिसे लेकर लोगों में आक्रोश है। सांसदों के इस व्यवहार को नियंत्रित करने के लिए विशेषाधिकार के मुद्दे पर बहस की जरूरत बताई जा रही है जो सांसदों के जुबान पर नियंत्रण लगाएगा।

सूत्र बता रहे हैं कि संसद के भीतर शरद यादव द्वारा जिस भाषा का प्रयोग किया गया उसकी हर कहीं आलोचना हो रही है क्योंकि उन्होंने कहा था कि हमलोग तो पगड़ी उछालने वाले हैं ही कोई हमलोगों की पगड़ी उछालेगा तो हमलोग बख्शेंगे नहीं, क्योंकि हमलोग तो यही करते आए हैं। हम लोगों तो हमेशा से दूसरे की पगड़ी उछालते रहे हैं। इस बात पर संसद के भीतर लगभग सभी सांसदों ने मेजें थपथपाकर उनकी समर्थन किया था। यही नहीं शरद यादव ने भ्रष्टाचार के मुद्दे पर कहा था कि कौन आदमी कैसा है कोई यदि पार्टी के लिए चंदा देता है तो हमलोग उसे संहर्ष स्वीकार कर लेंगे।

हम लोग नहीं जानते कि कौन अलवा है कौन बलवा। हमलोगों को भी पार्टी चलाना पड़ता है हम लोग कोई उद्योगपति तो है नहीं। इसलिए हमलोग चंदा लेते हैं। यानी यदि कोई देशद्रोही और आतंकी भी इन पार्टियों को चंदा देंगे तो क्या वे बिना जाने समझे ये लोग उनसे भी चंदा ले लेंगे। इसे लेकर देशभर में प्रतिक्रिया हुई है और लोगों की मांग है कि इस प्रकार की हरकतों पर नजर रखी जाए और नकेल कसी जाए। इसलिए सांसदों और सरकार के खिलाफ नई टीम अन्ना नई रणनीति बनाने में जुट गई है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+