नक्सल प्रभावित राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक करेंगे प्रधानमंत्री
एक वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी ने आईएएनएस को बताया, "केंद्र सरकार अपनी सुरक्षा संबंधी और विकास संबंधी, दोनों नीति पर विचार करेगी। प्रधानमंत्री नक्सल प्रभावित इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था चुस्त करने और प्रशानिक नियंत्रण बहाल करने में केंद्र की ओर से मदद का प्रस्ताव देंगे। अर्धसैनिक बलों की तैनाती, राज्य सुरक्षा कर्मियों को प्रशिक्षण तथा उनके लिए हथियार हासिल करने में मदद जैसे कुछ प्रस्ताव शामिल होंगे।"
अधिकारी ने कहा कि सुरक्षा उपायों को चुस्त करने के साथ ही प्रधानमंत्री प्रभावित इलाकों में नक्सलवाद के प्रभाव से लोगों को मुक्त कराने के लिए इन राज्यों के लिए विकास संबंधी विशेष पहल का प्रस्ताव कर सकते हैं। इस प्रस्ताव में नौकरी, वित्तीय सहायता, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं पर जोर होगा।
अधिकारी ने कहा कि मनमोहन सिंह के अलावा, केंद्रीय गृह मंत्री पी.चिदंबरम बैठक को संबोधित करेंगे। प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्रियों से उनके राज्यों में नक्सल प्रभावित इलाकों की स्थिति पर विस्तृत रिपोर्ट सुनेंगे।
अधिकारी ने कहा कि चिदंबरम नक्सली हिंसा के हाल के रुझानों के बारे में और केंद्र सरकार की ओर से उठाए गए कदमों के बारे में रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे। चिदंबरम ने 30 जून को गृह मंत्रालय की मासिक रिपोर्ट जारी करते समय नक्सल प्रभावित इलाकों में अर्धसैनिक बलों की फिर से तैनाती का प्रस्ताव किया था।
इस बैठक में छत्तीसगढ़, उड़ीसा, पश्चिम बंगाल, आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र और बिहार के मुख्यमंत्री हिस्सा लेंगे। झारखण्ड में चूंकि राष्ट्रपति शासन है, लिहाजा वहां के राज्यपाल बैठक में उपस्थित होंगे। गृह मंत्रालय के अधिकारी और वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी भी बैठक में हिस्सा लेंगे।
यह बैठक सात, रेसकोर्स मार्ग स्थित मनमोहन सिंह के सरकारी आवास पर होगी।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications