पाक से वार्ता के फैसले पर पुनर्विचार हो : भाजपा (लीड-1)
पुणे हमले की निंदा करते हुए राज्यसभा में विपक्ष के नेता अरुण जेटली ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा, "आतंकवाद और वार्ता साथ-साथ नहीं हो सकता है। जब आतंकवाद भारत के लिए खतरा बन चुका हो, ऐसे में वार्ता न करना भी एक कूटनीतिक विकल्प है।"
भारत और पाकिस्तान के बीच 25 फरवरी को विदेश सचिव स्तर की वार्ता प्रस्तावित है। वार्ता आरंभ किए जाने के सरकार के फैसले को यू टर्न करार देते हुए जेटली ने कहा, "पाकिस्तान में भारत के खिलाफ आतंकवादी ढांचे अभी भी सक्रिय हैं और 26/11 के बाद पाकिस्तान ने इस दिशा में कोई भी सहयोग नहीं किया है। ऐसे में समग्र वार्ता जारी नहीं रह सकती।"
जेटली ने कहा, "हमने भारत सरकार से अपनी दो घोषणाओं पर पुनर्विचार करने को कहा है, इनमें से पहली पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर जा चुके कश्मीरियों की वापसी तथा दूसरी द्विपक्षीय वार्ता की पेशकश है।"
शनिवार को पुणे में हुए शक्तिशाली विस्फोट में नौ लोग मारे गए थे और 57 घायल हो गए थे। मुंबई पर 26 नवंबर 2008 के आतंकवादी हमले के बाद देश में यह सबसे बड़ी आतंकवादी घटना है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












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