सर्कस और चिड़ियाघरों से हटेंगे हाथी
भारत सरकार ने देश में चिड़ियाघरों और सर्कसों में हाथियों के रखे जाने पर पाबंदी लगा दी है.
भारत के केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण के एक प्रवक्ता ने बीबीसी को इसकी जानकारी देते हुए बताया कि चिड़ियाघरों और सर्कसों के हाथियों को राष्ट्रीय वन्यजीव पार्कों और अभ्यारण्यों में भेजे जाने के बारे में निर्देश जारी कर दिए गए हैं जो बाध्यकारी हैं.
समझा जाता है कि भारत में इस समय चिड़ियाघरों और सर्कसों में लगभग 140 हाथी हैं.
केंद्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण की और से जारी किए गए निर्देश में कहा गया है कि चिड़ियाघर और सर्कस बड़े जानवरों के लिए अनुकूल नहीं हैं क्योंकि उन्हें विचरण के बड़ा क्षेत्र चाहिए.
प्राधिकरण ने कहा है कि चिड़ियाघर और सर्कस हाथियों को अपने यहाँ से हटाकर पर्यावरण के अनुकूल पर्यटन को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं.
उनका कहना है कि हाथियों के बड़े खुले स्थानों पर रहने से वहाँ लोग हाथियों को महावतों की निगरानी में देखने जा सकते हैं.
साथ ही उनके अनुसार हाथियों से राष्ट्रीय पार्कों और सुरक्षित बाघ अभ्यारण्यों की निगरानी करने में सहायता मिलेगी.
चिड़ियाघर प्राधिकरण ने कहा है कि हाथियों को यथाशीघ्र चिड़ियाघरों और सर्कसों से हटाया जाए.
मगर संवाददाताओं का कहना है कि हाथियों के बारे में लिया गया ये क़दम अधूरा प्रतीत होता है क्योंकि इससे भारत में मंदिरों में रखे गए सैकड़ों हाथियों की स्थिति पर कोई असर नहीं पड़ता है और ना ही पेड़ उखाड़ने-उठाने जैसे काम करनेवाले हाथियों की स्थिति में कोई बदलाव आएगा.












Click it and Unblock the Notifications