Chief Secretary और Principal Secretary के पॉवर में होता है कितना अंतर? जानिए किसकी कितनी होती है सैलरी
What is the difference between Chief Secretary and Principal Secretary: हाल ही में भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के पूर्व गवर्नर शक्तिकांत दास को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रधान सचिव नियुक्त किया गया है। शक्तिकांत दास का जन्म 1957 में ओडिशा के भुवनेश्वर में हुआ था और वे 2018 से 2024 तक भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर के रूप में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। अब वे प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में अपनी नई जिम्मेदारी निभाएंगे।
शक्तिकांत दास की नियुक्ति के बाद कई लोग "प्रधान सचिव" और "मुख्य सचिव" के बीच के अंतर को लेकर लोगों में जिज्ञासा है। दोनों पद उच्च स्तर के प्रशासनिक अधिकारी होते हैं, लेकिन इनके कार्य और जिम्मेदारियां अलग-अलग होती हैं। आइए जानते हैं दोनों पदों में क्या अंतर है...

प्रधान सचिव कौन होते हैं?
प्रधान सचिव प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में एक महत्वपूर्ण पद होता है। यह भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के वरिष्ठ अधिकारी होते हैं और सीधे प्रधानमंत्री के मुख्य सलाहकार के रूप में काम करते हैं।
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प्रधान सचिव की प्रमुख जिम्मेदारियां:
- प्रधानमंत्री को नीतिगत मामलों पर सलाह देना।
- विभिन्न सरकारी मंत्रालयों और एजेंसियों के बीच समन्वय स्थापित करना।
- प्रशासनिक और महत्वपूर्ण सरकारी मामलों की देखरेख करना।
- राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर प्रधानमंत्री को सलाह देना।
- प्रधान सचिव का चयन सीधे प्रधानमंत्री द्वारा किया जाता है और यह पद सरकार के प्रमुख प्रशासनिक पदों में से एक माना जाता है।
मुख्य सचिव कौन होते हैं?
मुख्य सचिव भी एक वरिष्ठ IAS अधिकारी होते हैं, जो प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में कार्यरत होते हैं। हालांकि, यह पद कैबिनेट सचिव के समकक्ष माना जाता है, लेकिन इसका कार्यक्षेत्र विशेष रूप से प्रधानमंत्री के लिए ही निर्धारित होता है।
मुख्य सचिव की प्रमुख जिम्मेदारियां:
- प्रधानमंत्री को देश और दुनिया से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों की जानकारी देना।
- रणनीतिक सुझाव तैयार कर प्रधानमंत्री को प्रस्तुत करना।
- विभिन्न मंत्रालयों और सरकारी विभागों से जुड़ी फाइलों की निगरानी करना और प्रधानमंत्री को अपडेट देना।
प्रधान सचिव और मुख्य सचिव में क्या फर्क है?
प्रधान सचिव प्रधानमंत्री के प्रमुख सलाहकार होते हैं और नीति निर्माण में उनकी अहम भूमिका होती है। वहीं, मुख्य सचिव प्रधानमंत्री को प्रशासनिक कार्यों में सहयोग देते हैं और विभिन्न सरकारी विभागों के बीच समन्वय स्थापित करते हैं।
कितनी होती है सैलरी?
प्रधान सचिव: यह पद कैबिनेट मंत्री के समकक्ष होता है और इसकी मासिक सैलरी ₹2.5 लाख या उससे अधिक होती है। इसके साथ ही इन्हें आवास, गाड़ी, स्टाफ, और चिकित्सा जैसी सुविधाएं भी मिलती हैं।
मुख्य सचिव: मुख्य सचिव की सैलरी ₹2.25 लाख प्रति माह होती है और इन्हें भी सरकारी भत्ते और सुविधाएं दी जाती हैं।
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