गरीबी उन्मूलन के लिए दिल्ली सरकार जल्द ला सकती है नई नीति, बेघरों और बेसहारा लोगों को मिलेगी आर्थिक मदद
गरीबी उन्मूलन को लेकर दिल्ली सरकार नए साल में कई कदम उठाने जा रही है। इसमें दिल्ली के निवासियों के साथ ही रैन बसेरा के बेघरों और भिखारियों को भी हुनरमंद बनाने का प्रयास होगा।

नई दिल्लीः गरीबी उन्मूलन को लेकर दिल्ली सरकार नए साल में कई कदम उठाने जा रही है। इसमें दिल्ली के निवासियों के साथ ही रैन बसेरा के बेघरों और भिखारियों को भी हुनरमंद बनाने का प्रयास होगा। बेसहारा व गरीब लोगों को आर्थिक मदद देकर आगे बढ़ाया जाएगा। साधनहीन गरीब बच्चाें को प्रोफेशनल कोर्स की तैयारी कराने के लिए भीम योजना को बढ़ावा दिया जाएगा। जिससे गरीबों के बच्चे भी अमीर बन सकें।बुजुर्गों और बेसहारा लोगों को समय पर पेंशन दी जाएगी। इस साल चार साल से बंद बुजुर्गों की नई पेंशन योजना को भी शुरू करने की योजना है।
युवाओं को हुनरमंद बनाएगी सरकार
दिल्ली सरकार युवाओं को हुनरमंद बनाएगी ताकि वह नौकरी के लिए किसी पर आश्रित न रहें। युवा स्वरोजगार के जरिए अपने पैरों पर खड़े हो सकें। इस बाबत साल के अंत तक 200 स्किल डेवलपमेंट सेंटर खोले जाएंगे।सरकार मान रही है कि हुनरमंद कारीगरों के मामले में हम 15 साल पीछे हैं। दुनिया की टाप शहरों में दिल्ली को शामिल करने के लिए हमें युवाओं को हुनरमंद बनाना होगा।स्कूल, कालेजों, पालिटेक्निक स्कूलों में भी आवश्यकता के अनुरूप युवाओं को प्रशिक्षण दिया जाएगा।दिल्ली एक ऐसा शहर है कि जहां उद्यमिता विश्वविद्यालय के माध्यम से युवाओं को हुनरमंद बनाया जा रहा है।जिससे वे अपने पैरों पर खड़े हो सकें।
साधनहीन गरीब बच्चाें को प्रोफेशनल कोर्स की तैयारी कराने की योजना
साधनहीन गरीब बच्चाें को प्रोफेशनल कोर्स की तैयारी कराने के लिए भीम योजना चल रही है, मगर कुछ कारणोें से यह योजना पिछले साल गति नहीं पकड़ सकी है।इस साल नए तरीके से इसे फिर लांच किया जाएगा।गरीबाें के बच्चों को आइअाइटी, मेडिकल सहित अन्य प्रतियोगी परीक्षाओें में बैठने के लिए तैयारी कराई जाएगी। इस योजना से सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले साधनहीन कई बच्चों का दाखिला आइअाइटी, मेडिकल में हुआ है।सरकार इस साल इस योजना में कई कारोबारियों को भी गरीब बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाने के लिए तैयार करेगी।
बुजुर्गाें की नई पेंशन शुरू हाेने की उम्मीद
सरका की कैबिनेट ने पेंशन में एक हजार रुपये की बढ़ोत्तरी का फैसला कुछ साल ले लिया था। जिससे बुजुर्ग, विधवा और दिव्यांगों को फायदा पहुंच रहा है।मगर काफी समय से यह पेंशन रुकी हुई थी।दिल्ली में कुल आठ लाख से अधिक पेंशनधारी हैं। इसमें से साढे़ चार लाख के करीब बुजुर्ग हैं।दिल्ली सरकार से सभी रुकी हुई पेंशन को जारी करने के इसी सप्ताह निर्देश दिए हैं।सरकार की इस साल यह योजना नहीं बल्कि लक्ष्य है कि जिस तरह से नौकरी करने वाले लोगों के बैंक खाते में पहले सप्ताह में वेतन आ जाता है।इसी तरह बुजुर्गाें, विधवाओं और दिव्यांगों की पेंशन भी पहले सप्ताह में उनसे बैंके खाते में पहुंच जाए।इसके अलावा इस साल बुजुर्गाें के लिए नई पेंशन भी शुरू हाेने की उम्मीद है।इस पेंशन के लिए 2018 से नए बुजुर्ग नही जोड़े गए हैं।जिससे समस्या खड़ी हो रही है। इसे देखते हुए समाज कल्याण विभाग इस मामले में गंभीरता से काम कर रहा है।
ट्रैफिक सिग्नल पर भीख मांगने वाले बच्चों के लिए स्कूल खोलेगी दिल्ली सरकार
ट्रैफिक सिग्नल पर भीख मांगने वाले या कुछ चीज़ें बेचने वाले बच्चों के लिए इस साल 5-स्टार सुविधाओं वाला आवासीय स्कूल शुरू होगा।इस कार्य पर करीब 10 करोड़ की राशि खर्च की जाएगी।इस योजना का मकसद भीख मांगने वाले बच्चों इन बच्चों को मुख्य धारा में लाकर इज़्ज़त की ज़िंदगी दिया जाना है जिससे वे एक अच्छी जिंदगी जी सकें।
16 हजार बेघरों को रहने की व्यवस्था
एक अनुमान के अनुसार दिल्ली में 56 हजार बेघर अलग-अलग इलाके में रहते हैं। इनमें वह लोग शामिल नहीं है जो रिक्शा व रेहड़ी पर खुले आसमान के नीचे रात बिताते हैं। ऐसे लोगों के लिए रैन बसेरा बनाए गए हैं। स्थाई और अस्थाइग् रैन बसेरों को मिलाकर अभी 276 रैन बसेरा हैं।जहां 16 हजार से अधिक बेघरों के रहने के इंतजाम हैं।रैन बसेरे की देखभाल करने वाले दिल्ली शहरी आश्रय सुधार बोर्ड (डूसिब) के अधिकारियों का कहना है कि शहरी बेघरों को ऐसी बेहतर सुविधा देश के किसी भी महानगर में नहीं मिलती हैं।बेघरो काे चारपाई, ओढ़ने बिछाने के लिए पर्याप्त कंबल के इंतजाम हैं।
रैन बसेरों में भिखारियों के लिए खुलेंगे स्किल सेंटर
दिल्ली के अलग-अलग इलाके में बनाए गए रैन बसेरा में रहने वाले बेघरों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए सरकार स्किल सेंटर शुरू करेगी।इसके अलावा कनट प्लेस के हनुमान मंदिर और कश्मीरी गेट से भिखारियों से उठाकर रैन बसेरों में रखा जाएगा।यहां इन्हें वहां उनक समझ के अनुसार स्किल का प्रशिक्षण दिया जाएगा।यहां बेघरों को इलेक्ट्रीशियन, प्लंबर, मोमबत्ती बनाने, टेलरिंग आदि काम सिखाया जाएगा।प्रशिक्षण पूरा होने के बाद ये लोग चाहेंगे तो स्वरोजगार के लिए सरकार उन्हें वित्तीय सहायता प्रदान कराएगी।अन्यथा इन्हें काम भी दिलवाया जाएगा।
गरीबों को तीन समय का भोजन
दिल्ली सरकार बेघरों को सुबह का नाश्ता और दो समय का भाेजन दे रही है।उन्हें दोपहर का भोजन मिल रहा है आैर शाम का भोजन भी उन्हें दिया जा रहा है।यह व्यवस्था सभी रैन बसेरों में जारी है।उन्हें अच्छा और गर्म खाना दिया जा रहा है। इसके अलावा उन्हें ठंड के लिहाज से अन्य सुविधाएं भी दी जा रही हैं। रैन बसेरों में डाक्टरों काे लगाया गया है।
आर्थिक रूप से कमजोर लोग होंगे सशक्त
दिल्ली सरकार यूनिवर्सल हेल्थ केयर योजना शुरू होने जा रही है।इसका सबसे पहले आर्थिक रूप से कमजोर व गरीब लोगों को इसका लाभ मिलेगा।इन्हें चिकित्सा सुविधाओं के मामले में भी सशक्त बनाया जाएगा।इसके तहत लाखों परिवारों को स्वास्थ्य बीमा सरकार उपलब्ध कराएगी।सबसे अधिक लाभ आर्थिक रूप से कमजोर लोगों काे मिल सकेगा।












Click it and Unblock the Notifications