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काशी में विदेशी पयर्टन को पंख देने की योगी सरकार की कवायद, समझिए SCO क्यों करेगा शहर का दौरा

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लखनऊ, 30 सितंबर: उत्तर प्रदेश की योगी सरकार यूपी में निवेश लाने के साथ ही पयर्टन को मजबूत करने की कवायद में जुटी हुई है। इसी रणनीति को धार देने के लिए अब काशी में ज्यादा से ज्यादा विदेशी श्रद्धालुओं के आगमन को लेकर सरकार ने प्रयास शुरू कर दिए हैं। अधिकारियों की माने तो शंघाई सहयोग संगठन (SCO) का एक प्रतिनिधिमंडल जनवरी में काशी का दौरा करेगा और यहां की संस्कृति से परिचित होगा।

योगी आदित्यनाथ

इस प्रतिनिधिमंल में कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, ताजिकिस्तान, उज्बेकिस्तान, रूस, चीन, पाकिस्तान और भारत सहित आठ सदस्य देशों के प्रतिनिधि शामिल हैं, 16 जनवरी, 2023 को वाराणसी का दौरा करेंगे और इन विदेशी मेहमानों को यहां की संस्कृति से परिचित कराया जाएगा। अपनी यात्रा के दौरान काशी की संस्कृति और इतिहास को नजदीक से जानने और समझने का प्रयास यह प्रतिनिधिमंडल करेगा और इससे भविष्य में विदेशी पर्यटकों के आगमन की राह खुलेगी।

दरअसल हाल ही में आयोजित एससीओ परिषद की 22वीं बैठक में वाराणसी को 2022-2023 के लिए पहली सांस्कृतिक और पर्यटन राजधानी के रूप में नामित किया गया था। इसके बाद, राज्य सरकार ने एससीओ के प्रत्येक सदस्य को काशी आने का निमंत्रण भेजा था।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शहर के सभी प्रमुख चौराहों पर विदेशी मेहमानों के भव्य स्वागत, साफ-सफाई सुनिश्चित करने और ट्रैफिक जाम का समाधान निकालने के लिए शीर्ष अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं। उनके आगमन पर स्कूली बच्चों द्वारा अतिथियों का स्वागत किया जाएगा।

एससीओ मुख्य रूप से आर्थिक एकीकरण को आगे बढ़ाने के लिए आठ सदस्य देशों का एक आर्थिक और सुरक्षा गठबंधन है। इसलिए सदस्यों की वाराणसी यात्रा को सांस्कृतिक पहचान बनाए रखने के अलावा इन देशों के साथ व्यापारिक संबंधों के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।

इस बीच, प्रमुख सचिव (पर्यटन) मुकेश मेश्राम ने अगले महीने होने वाले महीने भर चलने वाले रामनगर रामलीला उत्सव के लिए आवश्यक व्यवस्था करने के आदेश जारी किए हैं। यह ऐतिहासिक रामलीला अनंत चतुर्दशी से शुरू होकर एक महीने तक चलती है।

इसके अलावा 5 नवंबर से 8 नवंबर तक काशी में प्रकाश पर्व देव दीपावली मनाई जानी है। ऐसा माना जाता है कि इस अवसर को मनाने के लिए सभी देवता वाराणसी घाट पर एकत्रित होते हैं। लोग इस अवसर को घाटों पर दीये जलाकर और सजाकर मनाते हैं। इस मौके पर काशी में दुनिया भर से सैलानी जुटते हैं। इसको लेकर पर्यटन विभाग ने तैयारी शुरू कर दी है।

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English summary
Yogi government's exercise to give wings to foreign tourism in Kashi
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