• search
उत्तर प्रदेश न्यूज़ के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  

SP-RLD की तबस्सुम को टक्कर देंगी भाजपा की मृगांका, जानिए कैराना में जीत का गणित

By Dharmender Kumar
|

नई दिल्ली। कैराना लोकसभा सीट पर 28 मई को होने वाले उपचुनाव में कैराना के दो प्रतिष्ठित घरानों के बीच सियासी जंग की बिसात बिछ गई है। गठबंधन की ओर से जहां मरहूम सांसद मुनव्वर हसन की पत्नी तबस्सुम हसन राष्ट्रीय लोकदल (आरएलडी) के टिकट पर चुनाव मैदान में होंगी, वहीं उनके मुकाबले के लिए भाजपा ने दिवंगत सांसद हुकुम सिंह की पुत्री मृगांका सिंह पर दांव लगाया है। भाजपा ने हालांकि अभी तक प्रत्याशी के नाम का ऐलान नहीं किया है लेकिन मृगांका सिंह को टिकट मिलना तय माना जा रहा है। कैराना के इतिहास में यह पहली बार होगा, जब दो महिलाएं चुनावी मैदान में एक दूसरे को चुनौती देती हुई नजर आएंगी।

SP-BSP-RLD का संयुक्त प्रत्याशी

SP-BSP-RLD का संयुक्त प्रत्याशी

पश्चिम उत्तर प्रदेश की कैराना लोकसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव में सपा नेत्री के आरएलडी के टिकट पर चुनावी मैदान में उतरने के चलते भाजपा ने इस सीट को लेकर खास तैयारी की है। सपा, बसपा और आरएलडी की तिकड़ी से मुकाबले के लिए भाजपा ने कैराना से स्व. हुकुम सिंह की बेटी मृंगाका सिंह को उम्मीदवार बनाया है। पिछले दिनों सहारनपुर पहुंचे यूपी के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने मृंगाका सिंह को उम्मीदवार के तौर पर पेश किया था। मृंगाका सिंह की उम्मीदवार का अब केवल औपचारिक ऐलान होना बाकी है।

हुकुम सिंह की बेटी हैं मृगांका

हुकुम सिंह की बेटी हैं मृगांका

आपको बता दें कि कैराना की राजनीति पिछले लंबे समय से हुकुम सिंह और मुनव्वर हसन परिवार के इर्द-गिर्द ही रही है। मृगांका सिंह के पिता बाबू हुकुम सिंह ने 2014 के लोकसभा चुनाव में सपा प्रत्याशी और तबस्सुम हसन के बेटे नाहिद हसन को रिकॉर्ड वोटों से हराया था। हुकुम सिंह से हारने के बाद नाहिद हसन 2017 के विधानसभा चुनाव में सपा के टिकट पर कैराना विधानसभा से चुनाव लड़े और भाजपा प्रत्याशी मृगांका सिंह को हराकर विधायक बने। तबस्सुम हसन से पहले उनके पति मुनव्वर हसन इस सीट से सांसद थे।

भाजपा के लिए क्या है असली चुनौती

भाजपा के लिए क्या है असली चुनौती

कैराना लोकसभा में करीब 17 लाख वोट हैं। इनमें 5 लाख मुस्लिम, 4 लाख ओबीसी (जाट, गुर्जर, सैनी, कश्यप, प्रजापति व अन्य) और लगभग 1.5 लाख जाटव वोट हैं। 2019 के लोकसभा चुनाव के लिए बसपा और सपा में पहले ही गठबंधन हो चुका है। मायावती ये भी ऐलान कर चुकी हैं कि वो लोकसभा के आम चुनाव से पहले किसी भी उपचुनाव में अपना प्रत्याशी नहीं उतारेंगी। ऐसे में कैराना सीट पर सपा, लोकदल और बसपा का संयुक्त प्रत्याशी उतरने से भाजपा उम्मीदवार के लिए जीत हासिल करना बड़ी चुनौती हो सकता है।

ये भी पढ़ें- कर्नाटक में पूर्ण बहुमत के करीब पहुंची कांग्रेस: सर्वे

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Kairana Bypoll 2018: BJP Mriganka Singh Will Contest Election Against SP RLD Tabassum Hasan.
For Daily Alerts

Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more