Sagar: पिता से बदला लेने भेजे पार्सल बम से चली गई थी डॉक्टर बेटे की जान, आरोपियों को आजीवन कैद
सागर में करीब 4 साल पहले प्रवर अधीक्षक डाक विभाग के घर एफएम रेडियो का बम बनाकर भेजकर धमाका किया गया था। इसमें अधीक्षक के डॉ. बेटे की मौत हो गई थी। कोर्ट ने आरोपियों को उम्र कैद की सजा सुनाई है।

घोटाले के मामले में फंसे आरोपी ने पोस्टमास्टर को मारने एफएम ट्रांजिस्टर के रूप में पार्सल के द्वारा बम भेजा था। उक्त पार्सल उनके बेटे डॉक्टर ने खोलकर देख लिया और उसे चालू करने के लिए उसकी केबल बिजली के स्विच में लगाई तो वह बम की तरह फट गया। हादसे में डॉक्टर की मृत्यु हो गई थी। कोर्ट ने आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
जिला अभियोजन सागर के मीडिया प्रभारी सौरभ डिम्हा ने बताया कि सागर के द्तिय अपर सत्र न्यायाधीश शिवबालक साहू की कोर्ट में प्रस्तुत प्रकरण के अनुसार बीते 25 जनवरी 2018 को फरियादी पोस्ट आफिस के प्रवर अधीक्षक सागर केके दीक्षित के घर एक पार्सल आया था। इसको उन्होंने घर में रख दिया। उनके बेटे व जिला अस्पताल में पदस्थ डॉ. रीतेश दीक्षित ने उसे खोलकर देखा ओर चालू किया तो वह बम की तरह फट गया था। जिसमें रीतेश गंभीर रुप से घायल हो गया था।
इलाज के दौरान 4 दिन बाद दम तोड़ दिया था
रेडियो बम में के धमाके में गंभीर रुप से घायल हुए रीतेश को उनके पिता केके दीक्षित व रिश्तेदार उसे लेकर अस्पताल पहुंचे थे, जहां इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई थी। इस मामले में पुलिस ने तहकीकात और पड़ताल के बाद आरोपी हेमंत उर्फ आशीष साहू व राजेश को हिरासत में लिया था। इन्होंने रेडियो बम बनाने और प्रवर अधीक्षक केके दीक्षित के घर भेजना स्वीकार किया था। लंबी सुनवाई व विचारण के बाद कोर्ट ने दोनों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।












Click it and Unblock the Notifications