Rajasthan: भीलवाड़ा पेट्रोल पंप मारपीट विवाद में SDM पत्नी ने कर्मचारी पर लगाए संगीन आरोप, क्या है पूरा मामला?
Rajasthan SDM Fight: राजस्थान के भीलवाड़ा में एक पेट्रोल पंप पर एसडीएम और कर्मचारियों के बीच हुआ मामूली विवाद मारपीट में बदल गया। देखते ही देखते इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। बताया जा रहा है कि पेट्रोल भराने को लेकर हुई कहासुनी के दौरान एसडीएम ने एक कर्मचारी को थप्पड़ मारा, जिसके जवाब में कर्मचारी ने भी पलटवार किया।
घटना के बाद पुलिस ने तीन पेट्रोल पंप कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एसडीएम की पत्नी ने कर्मचारियों पर अभद्र व्यवहार का आरोप लगाया है। मामले ने तूल पकड़ा तब इस पर विपक्ष ने निष्पक्ष जांच और न्याय की मांग उठाई है।

विवाद कैसे शुरू हुआ?
मामला उस समय शुरू हुआ जब SDM छोटू लाल शर्मा, जो वर्तमान में प्रतापगढ़ में तैनात हैं, अपनी पत्नी दीपिका व्यास के साथ पेट्रोल पंप पर पहुंचे। बताया जा रहा है कि कर्मचारी ने पहले उनकी गाड़ी में पेट्रोल भरने से मना कर, पीछे खड़ी गाड़ी को सर्विस देना शुरू कर दिया। इस पर SDM ने आपत्ति जताई और बहस शुरू हो गई। पुलिस के अनुसार, इसी दौरान SDM शर्मा ने एक कर्मचारी को थप्पड़ मार दिया। इसके जवाब में कर्मचारी ने भी SDM को थप्पड़ जड़ दिया, जिसके बाद वहां अफरातफरी मच गई।
SDM की पत्नी ने क्या आरोप लगाए?
घटना के बाद SDM की पत्नी दीपिका व्यास ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। अपनी शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया कि,पेट्रोल पंप के एक कर्मचारी ने मुझे देखकर आंख मारी और अभद्र टिप्पणी की। इससे मेरे पति नाराज हो गए और उन्होंने उसे समझाने की कोशिश की। इसके बाद वह कर्मचारी हमारी गाड़ी छोड़कर पीछे की गाड़ी में पेट्रोल भरने लगा।
व्यास ने आगे कहा, पेट्रोल पंप का मालिक भी वहां आ गया और हमसे बदसलूकी करने लगा। मैं मांग करती हूं कि पेट्रोल पंप मालिक और कर्मचारियों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया जाए और कानून अपना काम करे। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए तीन कर्मचारियों - दीपक माली, प्रभु लाल कुमावत और राजा शर्मा - को गिरफ्तार किया है। भीलवाड़ा पुलिस ने बताया कि दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर हमला करने का आरोप लगाया है, और जांच के तहत वीडियो फुटेज व गवाहों के बयान जुटाए जा रहे हैं।
सोशल मीडिया पर बवाल, SDM की बर्खास्तगी की मांग
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद आम जनता और नेटिज़न्स ने SDM के व्यवहार की कड़ी आलोचना की। कई यूजर्स ने कहा कि एक वरिष्ठ अधिकारी का इस तरह का आचरण अशोभनीय और अस्वीकार्य है। वहीं, कुछ लोगों ने कर्मचारियों की गिरफ्तारी पर सरकारी प्रभाव का सवाल उठाया और निष्पक्ष जांच की मांग की।
राजस्थान विधानसभा में विपक्ष के नेता टीका राम जुल्ली ने मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, CCTV फुटेज और मीडिया रिपोर्ट के आधार पर यह मामला SDM द्वारा पेट्रोल पंप कर्मचारियों के साथ दुर्व्यवहार का प्रतीत होता है। लेकिन SDM ने खुद FIR दर्ज कराई है और पुलिस ने कर्मचारियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए ताकि गरीबों के साथ अन्याय न हो। उन्होंने भीलवाड़ा के पुलिस अधीक्षक (SP) से व्यक्तिगत रूप से मामले की निगरानी करने की अपील की और कहा कि SDM के पद का प्रभाव जांच पर नहीं पड़ना चाहिए।
SDM छोटू लाल शर्मा पहले भी विवादों में रहे हैं
भीलवाड़ा पुलिस ने कहा कि जांच के दौरान CCTV फुटेज, वायरल वीडियो और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान एकत्र किए जा रहे हैं। अधिकारी ने बताया कि जांच पूरी होने के बाद तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, SDM छोटू लाल शर्मा पहले भी कई विवादों में रहे हैं। उनकी प्रशासनिक सेवाओं के दौरान कई बार अधिकार के दुरुपयोग और विवादास्पद फैसलों को लेकर चर्चा हुई है। भीलवाड़ा की यह घटना एक बार फिर उन्हें जनता और सोशल मीडिया की आलोचना के केंद्र में ले आई है।












Click it and Unblock the Notifications