समीर वानखेड़े पर अब नया आरोप, रिटायर पुलिस अफसर ने किया चौंकाने वाला दावा
मुंबई, 23 नवंबर: 02 अक्टूबर को मुंबई के एक क्रूज पर छापेमारी करते हुए बॉलीवुड एक्टर शाहरुख के बेटे आर्यन खान पर शिकंजा कसकर सुर्खियों में आए मुंबई एनसीबी के जोनल डायरेक्टर समीर वानखेड़े पर अब मुंबई पुलिस के रिटायर अधिकारी ने संगीन आरोप लगाए हैं। रिटायर पुलिस अधिकारी ने दावा किया है कि उनके बेटे को एनसीबी ने इस साल की शुरुआत में ड्रग्स के झूठे मामले में गिरफ्तार किया था। इसी के साथ उन्होंने ये भी आरोप लगाया कि गिरफ्तारी के वक्त समीर वानखेड़े मौजूद थे, लेकिन पंचनामा में यह दर्ज नहीं किया गया।

पुलिस के रिटायर अधिकारी ने लगाए आरोप
समीर वानखेड़े इन दिनों काफी विवादों से घिरे हुए हैं। उनकी कार्यशैली को लेकर महाराष्ट्र के मंत्री नवाब मलिक ने पहले ही कई आरोप लगा चुके हैं। यहां तक की उन पर भ्रष्टाचार से लेकर उनके नौकरी पाने तक को लेकर मलिक ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। वहीं अब मुंबई पुलिस के रिटायर अधिकारी ने अपने आरोपों से समीर वानखेड़े को एक बार फिर सवालों में ला दिया है।
पंचनामा में दर्ज नहीं वानखेड़े की मौजदूगी
एनसीबी जोनल डायरेक्टर समीर वानखेड़े गलत काम करने के आरोपों का सामने कर रहे है। इसी बीच अब मुंबई में एक सेवानिवृत्त सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) ने दावा किया है कि एनसीबी ने इस साल की शुरुआत में एक झूठे ड्रग्स के मामले में उनके बेटे को गिरफ्तार किया गया था। इस मामले में 26 वर्षीय श्रेयस के पिता अनंत केंजले ने हलफनामा दाखिल किया है। इसके अलावा आरोपी श्रेयस केंजले ने यह कहते हुए अदालत का दरवाजा खटखटाया कि गिरफ्तारी के समय समीर वानखेड़े मौजूद थे, लेकिन पंचनामा में इसे दर्ज नहीं किया गया है।
22 जून की शाम 8 बजे किया गया था गिरफ्तार
श्रेयस केंजले के विविध आवेदन में उनके अपार्टमेंट की इमारत से सीसीटीवी फुटेज को रिकॉर्ड में लेने के लिए प्रार्थना की गई ताकि उनके दावे को सत्यापित किया जा सके। भारतीय साक्ष्य अधिनियम के तहत इसे स्वीकार्य बनाने के लिए संबंधित फुटेज को आरोपी के परिवार द्वारा 65B प्रमाण पत्र के साथ प्राप्त किया गया है। श्रेयस को एनसीबी ने इस साल 22 जून की शाम 8 बजे एनडीपीएस अधिनियम की कई धाराओं के तहत गिरफ्तार किया था।
सीसीटीवी फुटेज का दिया हवाला
आरोपी ने अपने आवेदन में कहा कि गिरफ्तारी की रात सीसीटीवी फुटेज में कैद समीर वानखेड़े सहित एनसीबी अधिकारियों की मौजूदगी पंचनामा की वास्तविकता से अलग है। एप्लीकेशन के मुताबिक बताया जा रहा है कि समीर वानखेड़े गिरफ्तारी की रात 9 बजकर 47 मिनट पर मेन गेट से बिल्डिंग में दाखिल हुए। कुछ मिनट बाद वह लिफ्ट में चढ़ गए और फिर उसे वीवी सिंह (जो आर्यन खान मामले में जांच अधिकारी भी थे) जैसे अधिकारियों के साथ देखा जा सकता है।
300 ग्राम गांजा और एलएसडी बरामद
आवेदन में कहा गया कि समीर वानखेड़े की उपस्थिति का पंचनामा में उल्लेख नहीं किया गया है। हालांकि सीसीटीवी रिकॉर्डिंग से संकेत मिलता है कि वह अनंत केंजले के अपार्टमेंट में आया था और लगभग 10.50 बजे बिल्डिंग से निकल गया था। अभियोजन पक्ष ने पंचनामा में कोई कारण नहीं बताया है कि उसकी उपस्थिति क्यों नोट नहीं की गई है। एनसीबी ने कथित तौर पर श्रेयस केंजले के पास से 300 ग्राम हरी पत्तेदार गांजा और 436 एलएसडी बरामद किया था। पंचनामा में कहा गया है कि बरामद गांजा को पैक कर सील कर दिया गया था।
रिटायर पुलिस अधिकारी अनंत केंजले ने अपने हलफनामे में यह भी कहा कि उन्होंने अपने आवास पर एनसीबी से पंचनामा मांगा लेकिन नहीं दिया। फिर उन्होंने एनसीबी कार्यालय में फिर से पूछा कई घंटे तक नहीं दिया तो उन्होंने एनसीबी को मेल कर दिया। उनके मुताबिक इसके तुरंत बाद अनंत केंजले को एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। जिसके बार में पूर्व एसीपी ने दावा करते हुए कहा कि उनके बेटे ने उनसे बात की और कहा कि उन्हें मेल नहीं भेजना चाहिए था, क्योंकि एनसीबी के अधिकारी अब उनके खिलाफ एक बड़ा मामला बनाएंगे। बता दें कि एनसीबी इस हफ्ते के अंत तक इस मामले में अपना जवाब दाखिल करेगी।












Click it and Unblock the Notifications