Rajasthan में कांग्रेस के लिए वरदान साबित होगी राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा, जानिए पूरी वजह
राजस्थान में राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा से कांग्रेस एकजुट नजर आ रही है। इस यात्रा ने कांग्रेस में उत्साह का संचार किया है। भाजपा की जन आक्रोश यात्रा का असर कांग्रेस की भारत जोड़ो यात्रा के सामने फीका नजर आ रहा है।

Rajasthan में राहुल गांधी कि भारत जोड़ो यात्रा कांग्रेस के पक्ष में माहौल बनाने में सफल रही है। कहा जा सकता है कि कांग्रेस में इस यात्रा से जाना गई है। यात्रा के राजस्थान में प्रवेश से पहले कार्यकर्ताओं में निराशा का भाव था। मीडिया में गहलोत सरकार के आमजन के लिए किए गए अच्छे कामों से ज्यादा आपसी झगड़ों की सुर्खियां बनी रहती थी। गहलोत और उनकी सरकार को अस्थिर करने संबंधी बयानों को मीडिया महत्व देता था। कुछ दिन पूर्व राहुल गांधी ने मध्यप्रदेश में कहा था कि उनकी यात्रा के राजस्थान में प्रवेश के बाद पूरी कांग्रेस एकजुट दिखाई देगी। लगभग वही हुआ है। गुजरात की हार के बाद कुछ नेताओं ने सवाल उठाकर मुख्यमंत्री गहलोत को टारगेट करने की कोशिश की थी। लेकिन पार्टी के वरिष्ठ नेता और राष्ट्रीय प्रवक्ता जयराम रमेश ने तुरंत दखल देकर स्थिति साफ कर दी है।

अशोक गहलोत ले सकते हैं और चौंकाने वाले फैसले
यात्रा के अंतिम पड़ाव में पहुंचने से पहले बीते 10 दिन में राहुल गांधी ने साफ कर दिया है कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की अगुवाई में सरकार ने आमजन के लिए जो फैसले किए हैं। पार्टी उनका खूब प्रचार करें और साथ ही जो नया और हो सकता है। वह किया जाना चाहिए। राहुल गांधी ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री गहलोत को कुछ कहा है। जिसे वह आमजन को नहीं बता सकते हैं। लेकिन कुछ अच्छा होगा। इसके यही मायने निकाले जा रहे हैं कि मुख्यमंत्री गहलोत इस बार के बजट में भी आमजन के लिए कुछ चौंकाने वाले फैसले कर सकते हैं। गहलोत की योजना ओपीएस की हिमाचल में कांग्रेस की वापसी मैं अहम भूमिका रही है।

राहुल गांधी का संदेश बनेगा सरकार वापसी के लिए प्रेरणा
गुजरात में जिस तरह की गड़बड़ी की खबरें आ रही हैं। हैरान करने वाली है। कांग्रेस ने सवाल भी उठाया है कि आखिर वोटिंग खत्म होने के बाद 10 प्रतिशत से ज्यादा वोट कहां पड़े हैं। खैर गुजरात में कांग्रेस अपनी लड़ाई लड़ेगी। लेकिन राजस्थान में राहुल गांधी की यात्रा ने जो संदेश दिया है। अगर पार्टी ने उस पर अमल किया तो सरकार में वापसी में कोई परेशानी नहीं आएगी।

बीजेपी की जन आक्रोश यात्रा हुई फ्लॉप
गहलोत सरकार के खिलाफ चलाई जा रही भाजपा की जन आक्रोश यात्रा फ्लॉप होने से पार्टी की चिंता और बढ़ गई है। राहुल गांधी ने 4 दिसंबर को जिस दिन राजस्थान में प्रवेश किया था। उसके साथ ही बीजेपी ने गहलोत सरकार के खिलाफ जनाक्रोश यात्रा शुरू की थी। लेकिन यह दांव उल्टा पड़ गया। बीजेपी उम्मीद कर रही थी कि भीड़ अपने आप जुड़ जाएगी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ। मोदी सरकार से नाराज जनता राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा से जुड़ गई। यह बीजेपी के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। इससे यह भी साफ हो गया कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और उनकी सरकार के खिलाफ कोई नाराजगी नहीं है। जनता सरकार के फैसलों से खुश है।

केंद्र सरकार के खिलाफ आमजन में नाराजगी
महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार को लेकर राज्य की जनता केंद्र से जरूर नाराज दिख रही है। अब राहुल गांधी और कांग्रेस आलाकमान को तय करना है कि वह किस तरह से मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और उनकी सरकार को अस्थिर करने वालों से कैसे निपटते हैं। इस यात्रा के बाद सचिन पायलट और उनके समर्थकों को आलाकमान क्या हिदायत देता है। वैसे राहुल गांधी इतना जरूर समझ गए होंगे कि गहलोत और प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा की जोड़ी पार्टी की सख्त जरूरत है। बाकी राहुल अपने संवाददात सम्मेलन में जो संदेश देंगे। पार्टी को असल ताकत वही संदेश देगा।












Click it and Unblock the Notifications